- ग्राहकों का आरोप- शिकायत के बाद भी नहीं होती कार्रवाई
- उत्पाद आयुक्त बोले- शिकायत करें, ज्यादा कीमत लेने वाले दुकानदारों पर होगी कार्रवाई
ग्राहकों का आरोप- सबका हिस्सा पहले से है तय
ग्राहकों ने शुभम संदेश की टीम को बताया कि एक मोटा-मोटी हिसाब समझिये. हजारीबाग में कुल 72 सरकारी शराब की दुकानें है. अगर हर दुकानदार 100 बोतल भी शराब बेचता है तो एक दिन की उपरी आमदनी 1000 रुपये. 72 दुकानों के हिसाब से 72 हजार रुपये रोज और महीने का लगभग 22 लाख रुपये उपरी आमदनी. जिसमें कलेक्शन अधिकारी और उत्पाद विभाग और दुकानदार सबका हिस्सा पहले से तय रहता है. अगर ऐसा नहीं रहता तो शिकायत के बावजूद अधिकारी स्थल पर जाकर जांच करते और अधिक कीमत वसूलने वालों पर कार्रवाई करते, न कि मौन धारण किये रहते. एक ग्राहक रंजीत शर्मा ने तो शराब के नकली होने का भी संदेह जताया है. रंजीत का कहना है कि सरकार की शराब नकली है या असली इसकी पहचान करनी होगी. कहीं सरकार ही तो डुप्लीकेट शराब नहीं बेच रही है. अगर डुप्लीकेट नहीं है तो फिर डुप्लीकेट रसीद क्यों दिए जा रहे हैं.शिकायत करें, होगी कार्रवाई : सहायक उत्पाद आयुक्त
इस संबंध में उत्पाद विभाग के सहायक आयुक्त सुनील कुमार ने कहा बोतल पर लिखी गई एमआरपी ही दुकानदार को दें. अगर दुकानदार अधिक लेता है तो इसकी शिकायत उत्पात विभाग से करें, ऐसे दुकानदारों पर कार्रवाई की जाएगी. इसे भी पढ़ें : लोस">https://lagatar.in/los-elections-congress-released-second-list-of-43-candidates/">लोसचुनावः कांग्रेस ने जारी की 43 उम्मीदवारों की दूसरी लिस्ट [wpse_comments_template]
Leave a Comment