दिल्ली रैली की बात तो खूब चली, अब मणिपुर के इंफाल की रैली पर नजर डालिए
मणिपुर के इंफाल में हुई इस रैली की पृष्ठभूमि को समझिए. वहां भाजपा की सरकार है. पहले बीरेन सिंह मुख्यमंत्री थे. चार फरवरी से युमनाम खेमचंद सिंह हैं. तीन मई 2023 से वहां दो समुदायों कुकी (पहाड़ क्षेत्र पर रहने वाले) और मेइती (घाटी क्षेत्र में रहने वाले) के बीच हिंसा हो रही है. यानी करीब साढ़े तीन साल से. अब तक 300 से अधिक लोग मारे गए हैं और 60 हजार से अधिक लोग विस्थापित हुए हैं.

































































