24 में 19 साल आदिवासियों का ही शासन रहा
झारखंड गठन के बाद ओबीसी का आरक्षण 27 प्रतिशत से घटाकर 14 प्रतिशत कर दिया गया. जबकि अनुसूचित जनजाति का आरक्षण 14 प्रतिशत से बढा कर 27 प्रतिशत कर दिया गया. पिछले पांच साल में झारखंड के संसाधनों की लूट मची है. झारखंड में पिछले 24 साल में से 19 साल आदिवासियों का ही शासन रहा. ओबीसी और मूलवासियों की हक़मारी हुई है. झारखंड विधानसभा चुनाव में झारखंड आंदोलनकारी मोर्चा वैसे उम्मीदवारों को अपना समर्थन देगा, जो आंदोलनकारी रहे हैं.पांच दिनों तक पांचों प्रमंडल में होगी बैठक
झारखंड आंदोलन कारी रहे प्रभाकर तिर्की ने कहा कि उच्च स्तरीय समिति का गठन कर लिया गया है. झारखंड के पांचों प्रमंडल में अलग अलग स्थानों पर बैठक की जाएगी.जो लगातार पांच दिनों तक चलती रहेगी. 20 से 24 अक्टूबर तक बैठक में अहम फैसले लिए जाएंगे. यह विधानसभा चुनाव झारखंड का वैसा चुनाव होगा. जो राज्य को निर्णायक दिशा और गति देने का काम करेगा. झारखंड के पुराने आंदोलनकारियों को एकजुट किया जाएगा.उच्च स्तरीय समिति में ये हुए शामिल
सूरज मंडल, बहादुर उरांव, विनोद कुमार भगत, शफ़ीक़ आलम, जुबैर आलम, अब्दुल कलाम, अब्दुल खालिक, जयश्री दास, मानव घोष, सुखदेव, हेमराम, रामजी भगत, किनू हेमरोम, सुरेन्द्र राज, प्रभाकर तिर्की, पुष्कर महतो, ज्योतिष तिर्की एवं रवि नंदी शामिल हैं. इसे भी पढ़ें - नायब">https://lagatar.in/nayab-saini-took-oath-as-haryana-cm-for-the-second-time-13-ministers-also-took-oath-of-office/">नायबसैनी ने दूसरी बार हरियाणा के CM के रूप में ली शपथ, 13 मंत्रियों ने भी ली पद की शपथ [wpse_comments_template]
Leave a Comment