Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

फर्जी स्थानीय प्रमाण पत्र बनाकर 3 लोग बने शिक्षक, सिर्फ दो के खिलाफ जांच, 6 महीने बाद भी कार्रवाई नहीं- विकास मुंडा

Advertisement
Advertisement
Ranchi : झारखंड विधानसभा में मंगलवार को तमाड़ विधायक विकास सिंह मुंडा ने विधानसभा में ध्यानाकर्षण के तहत फर्जी स्थानीय प्रमाण पत्र बनाकर शिक्षक बने लोगों का मुद्दा उठाया. विधायक ने कहा कि मामला सामने आने के बाद जांच रिपोर्ट सौंपे जाने के 6 महीने बाद भी इन शिक्षकों पर कार्रवाई नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि संगीता कुमारी, चंदा कुमारी और धनंजय पांडे नाम के तीन लोगों ने फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर शिक्षक की नौकरी पायी है, लेकिन जांच सिर्फ संगीता कुमारी और चंदा कुमारी के खिलाफ हुई है. धनंजय पांडे के खिलाफ अब तक कोई जांच नहीं हुई है. इसे भी पढ़ें - क्रिप्टो">https://lagatar.in/crypto-market-cap-up-4-point-45-percent-bitcoin-crosses-42500-avalanche-jumps-28-point-54-in-7-days/">क्रिप्टो

मार्केट कैप में 4.45 फीसदी की तेजी, Bitcoin 42500 डॉलर के पार, 7 दिनों में Avalanche 28.54% उछला

कार्मिक विभाग ने शिक्षा विभाग को भेजा पत्र 

इस पर जवाब देते हुए संसदीय कार्यमंत्री आलमगीर आलम ने कहा कि दोनों शिक्षक संगीता कुमारी और चंदा कुमारी के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए कार्मिक विभाग ने शिक्षा विभाग को पत्र भेज दिया है. वहीं धनंजय का विभाग के पास सिर्फ नाम है. उनका सही एड्रेस पता नहीं चलने की वजह से जांच नहीं हो पायी है. पूरा एड्रेस मिलने के बाद जांच और कार्रवाई दोनों होगी. इसे भी पढ़ें - सोन">https://lagatar.in/two-dozen-villages-were-affected-by-sone-river-erosion-government-formed-committee-to-investigate-bhanu-pratap-shahi/">सोन

नदी कटाव से दो दर्जन गांव हुए प्रभावित, जांच के लिए सरकार बनाये कमिटी – भानु प्रताप शाही [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही