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मेडिसिन ओपीडी आने वालों में 60 प्रतिशत मरीज वायरल की चपेट में, सदर अस्पताल में वार्ड फुल

Saurav Shukla Ranchi : वायरल संक्रमण से पीड़ित मरीजों की संख्या फिर बढ़ गयी है. बारिश और तापमान में उतार-चढ़ाव इसकी एक प्रमुख वजह बताई जा रही है. ज्यादातर लोगों में बुखार, खांसी, सर्दी, शरीर में दर्द, डायरिया और टाइफाइड जैसे लक्षण दिखाई दे रहे हैं. सदर अस्पताल स्थित मेडिसिन विभाग के ओपीडी में आने वालों में 50 से 60 प्रतिशत मरीज वायरल की चपेट में होने की वजह से इलाज के लिए पहुंच रहे हैं.

बच्चों के साथ वयस्कों में भी वायरल बुखार

रांची के सिविल सर्जन डॉ. विनोद कुमार ने कहा कि अस्पतालों में वायरल बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या अचानक बढ़ी है. मौसम में बदलाव और लंबे समय तक मानसून ऐसी बीमारियों के बढ़ने की प्रमुख वजह है. बच्चों के साथ-साथ वयस्कों में भी वायरल बुखार के मामलों में वृद्धि हुई है. हालांकि, इसका कोविड से कोई संबंध नहीं है. अधिकांश मरीज मानसून के दौरान होने वाले वायरल संक्रमण से पीड़ित हैं. इसे भी पढ़ें– पीएम">https://lagatar.in/pm-modi-insists-on-talks-on-russia-ukraine-war-in-the-presence-of-putin-at-the-economic-forum/">पीएम

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वायरल की चपेट में आने वाले मरीजों की बढ़ी संख्या

वहीं सदर अस्पताल के चिकित्सक डॉ अखिलेश झा ने कहा कि हाल के दिनों में वायरल बीमारियों के मरीजों की संख्या बढ़ी है. ओपीडी में डॉक्टरों के द्वारा दवाएं दी जा रही हैं. मरीजों को ज्यादा समस्या होने पर डेंगू की जांच कराने की सलाह दे रहे हैं. उन्होंने कहा कि सदर अस्पताल में सभी प्रकार की जांच की सुविधा उपलब्ध है. साथ ही दस्त-उल्टी (डायरिया) की शिकायत के कारण मरीज कमजोर हो जा रहे हैं. जिस वजह से उन्हें भर्ती करने के बाद स्लाईन चढ़ाया जा रहा है. मरीजों की संख्या बढ़ने के कराण अस्पताल के वार्ड भरे हुए हैं.

रिम्स के मेडिसिन विभाग में करीब 500 मरीज भर्ती

इधर, रिम्स के जनसंपर्क अधिकारी डॉ राजीव रंजन ने कहा कि मेडिसिन विभाग की प्रत्येक यूनिट में 70 से 80 मरीज भर्ती हैं. इस हीसाब से विभाग की 6 यूनिट को मिलाकर मरीजों की संख्या 500 के करीब है. उन्होंने कहा कि इनमें वायरल फीवर के अलावा किडनी से संबंधित मरीजों के साथ-साथ निमोनिया के मरीज भी भर्ती हैं. इसे भी पढ़ें– पूर्व">https://lagatar.in/former-minister-yogendra-sao-will-come-out-of-jail-high-court-granted-bail-in-the-last-case/">पूर्व

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