Search

 
 
 

EXCKUSIVE: आयुष्मान में लिस्टेड झारखंड के 95% अस्पताल फर्जीवाड़े की गुंजाइश वाले साफ्टवेयर पर

आयुष्मान योजना के तहत झारखंड में सूचीबद्ध 95 प्रतिशत अस्पताल अब भी पुराने साफ्टवेयर (HEM1.0) पर ही चल रहे हैं. HEM1.0 पर चल रहे अस्पतालों की सबसे ज्यादा संख्या राजधानी रांची में है. इस पुराने साफ्टवेयर में फर्जीवाड़े की गुंजाइश को देखते हुए केंद्र सरकार ने नवंबर 2024 में नया साफ्टवेयर (HEM2.0) लॉन्च किया.
 
Exclusive news lagatar

Ranchi: आयुष्मान योजना के तहत झारखंड में सूचीबद्ध (लिस्टेड) 95 प्रतिशत अस्पताल अब भी पुराने साफ्टवेयर (HEM1.0) पर ही चल रहे हैं. HEM1.0 पर चल रहे अस्पतालों की सबसे ज्यादा संख्या राजधानी रांची में है. इस पुराने साफ्टवेयर में फर्जीवाड़े की गुंजाइश को देखते हुए केंद्र सरकार ने नवंबर 2024 में नया साफ्टवेयर (HEM2.0) लॉन्च किया. नया साफ्टवेयर 17 जुलाई 2026 से प्रभावी है. आयुष्मान योजना के तहत झारखंड मुर्दों का इलाज करने के लिए चर्चित रहा है.


केंद्र सरकार ने सितंबर 2018 में आयुष्मान भारत योजना की घोषणा की थी. इसमें गरीब परिवारों के पांच लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज का प्रावधान है. सरकार ने आयुष्मान योजना के तहत सूचीबद्ध अस्पतालों के लिए HEM1.0 ( Hospital Engagement Module) जारी किया था. इसमें सभी सूचीबद्ध अस्पतालों का ब्योरा रहता है. योजना के तहत इलाज के बदले भुगतान की प्रक्रिया TMS 1.0 के सहारे किया जाता था. केंद्र सरकार ने आयुष्मान योजना से लोगों को मिलने वाले लाभ का ऑडिट कराया था. इससे संबंधित रिपोर्ट अगस्त 2023 में संसद में पेश किया गया.


इस रिपोर्ट में आयुष्मान योजना के तहत सूचीबद्ध अस्पतालों द्वारा की गयी गड़बड़ी का राज्यवार उल्लेख किया गया था. रिपोर्ट में झारखंड में योजना के तहत हुई बड़ी पैमाने पर हुई गड़बड़ी का भी उल्लेख किया गया था. इसमें झारखंड में आयुष्मान योजना के तहत मुर्दों का भी इलाज किये जाने का ब्योरा शामिल किया गया था. आयुष्मान योजना के तहत हुई इस गड़बड़ी के बाद केंद्र सरकार ने नवंबर 2024 में नया साफ्टवेटर (HEM2.0) जारी किया. 


इसमें फर्जीवाड़े को रोकने के लिए नयी तकनीक का इस्तेमाल किया गया. साथ ही इलाज के भुगतान के लिए TMS2.0 लागू किया. पहले सूचीबद्ध अस्पतालों को HEM2.0 पर माइग्रेट करने और नये अस्पतालों को इस पर सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया गया.


लेकिन केंद्र सरकार द्वारा जारी इस दिशा निर्देश के आलोक में झारखंड अब तक 95 प्रतिशत सूचीबद्ध अस्पताल HEM1.0 पर ही चल रहे हैं. केंद्र सरकार ने झारखंड में HEM2.0 की स्थिति की समीक्षा के बाद राज्य सरकार को पत्र लिखा है. इसमें कहा गया है कि राज्य में योजना के तहत 297 निजी अस्पताल सूचीबद्ध हैं. इसमें से सिर्फ 14 अस्पताल ही HEM1.0 से HEM2.0 पर माइग्रेट हुए हैं. 


पत्र में कहा गया है कि राज्य में चल रहे केंद्र सरकार के 16 अस्पताल और कल्याण विभाग द्वारा चलाये जा रहे चार अस्पताल अब भी HEM1.0 पर ही है. इस तरह राज्य में फिलहाल कुल 304 अस्पताल अब भी HEM1.0 से HEM2.0 पर माइग्रेट नहीं हुए हैं.


सरकारी आंकड़ों के अनुसार, राजधानी रांची में अब भी 78 निजी अस्पताल HEM1.0 पर ही चल रहे हैं. इस मामले में दूसरा नंबर पूर्वी सिंहभूम का है. इस जिले में पुराने साफ्टवेयर पर चलने वाले अस्तपालों की संख्या 30 है. सरायकेला और गिरिडीह इस मामले में तीसरे नंबर है. इन जिलों में 17-17 अस्पताल पुराने साफ्टवेयर पर चल रहे हैं.


HEM1.0 पर चलने वाले झारखंड के अस्पताल

जिला अस्पताल
धनबाद 21
दुमका 07
पूर्वी सिंहभूम 30
गढ़वा 02
गिरिडीह 17
गोड्डा 08
हजारीबाग 22
जामताड़ा 02
खूंटी 02
कोडरमा 05
पाकुड़ 02
पलामू 16
रामगढ़ 09
रांची 78
साहिबगंज 02
सरायकेला 17
सिमडेगा 01
पश्चिमी सिंहभूम 08  

 Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.         
           
         
     
     
     
      
     
     
     
         


       
     
    
     
     
    
    

 

 

Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही