- जितपुर खनन परियोजना के तहत महिला सशक्तीकरण को बढ़ावा
- आत्मनिर्भरता की राह पर सुंदरपहाड़ी की दो महिलाएं
- अदाणी फाउंडेशन की पहल से बदलेगी आजीविका की तस्वीर
- ड्राइविंग प्रशिक्षण के साथ मिला स्वरोजगार का साधन
Godda News : अडानी फाउंडेशन ने महिलाओं को आत्मनिर्भर व आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की है. फाउंडेशन ने जितपुर खनन परियोजना के तहत गोड्डा जिले के सुंदरपहाड़ी प्रखंड की दोनों महिलाओं को ड्राइविंग का प्रशिक्षण दिलाया और ई-टोटो भी दिया.
कॉरपोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) के अंतर्गत की गई इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को आजीविका का साधन उपलब्ध कराकर उनकी आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना है. कार्यक्रम में परियोजना के साइट हेड और सीएसआर प्रमुख सहित अन्य लोग उपस्थित रहे.
महिलाओं को मिला आत्मनिर्भरता का अवसर
ई-टोटो प्राप्त करने वाली महिलाओं ने इस पहल पर खुशी जाहिर की. उन्होंने उम्मीद जताई कि टोटो के जरिये उन्हें आजीविका चलाने और परिवार की आर्थिक स्थिति बेहतर बनाने में मदद मिलेगी. ड्राइविंग प्रशिक्षण के साथ वाहन उपलब्ध कराने से उनके लिए स्वरोजगार की राह आसान हुई है.
ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के सामने रोजगार के सीमित अवसरों को देखते हुए इस तरह की पहल महत्वपूर्ण मानी जा रही है. ड्राइविंग प्रशिक्षण के साथ ई-टोटो उपलब्ध कराने से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने के साथ-साथ आर्थिक निर्णयों में अधिक भागीदारी निभाने का अवसर मिलेगा.
सीएसआर के जरिए सामुदायिक विकास पर जोर
बता दें कि अदाणी फाउंडेशन जितपुर खनन परियोजना के तहत क्षेत्र में विभिन्न सीएसआर गतिविधियां संचालित कर रहा है. इन गतिविधियों में शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका संवर्धन और सामुदायिक विकास से जुड़े कार्य शामिल हैं. इनका उद्देश्य स्थानीय समुदायों की जरूरतों के अनुरूप सहयोग प्रदान करना, रोजगार के अवसरों को बढ़ावा देना और ग्रामीण परिवारों के जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव लाना है.