Adityapur (Sanjeev Mehta) : एनआईटी जमशेदपुर के निदेशक के पद पर डॉ. गौतम सूत्रधार ने शुक्रवार की देर शाम योगदान दिया. डॉक्टर सूत्रधार एनआईटी मणिपुर में निदेशक के पद पर कार्यरत थे. वे अपने 5 वर्षों के कार्यकाल को पूरा कर दूसरी बार किसी एनआईटी में निदेशक के पद पर नियुक्त हुए हैं. वैसे तो भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय से 2 मई को ही इनका नियुक्ति पत्र आ चुका था, लेकिन एनआईटी मणिपुर से कार्यमुक्त होने एवं अन्य औपचारिकताओं को पूरा करने की वजह से डॉक्टर सूत्रधार ने 12 मई को संस्थान में योगदान दिया. वहीं संस्थान के निवर्तमान निदेशक डॉ. करुणेश कुमार शुक्ला एनआईटी जमशेदपुर में अपना कार्यकाल पूरा कर अपने मूल संस्थान एनआईटी इलाहाबाद में योगदान देंगे. वैसे डॉ. शुक्ला की भी नियुक्ति एएनआईटी भोपाल में निदेशक के पद पर 5 वर्षों के लिए हुआ है. इसे भी पढ़ें : बहरागोड़ा">https://lagatar.in/bahragora-dav-public-school-rajendra-piri-became-school-topper-in-cbse-12th-science/">बहरागोड़ा
: डीएवी पब्लिक स्कूल : सीबीएसई 12वीं के साइंस में राजेंद्र पिरी बना स्कूल टॉपर डॉक्टर शुक्ला एनआईटी इलाहाबाद में औपचारिकताओं को पूरा कर एनआईटी भोपाल में निदेशक के पद पर योगदान देने जाएंगे. एनआईटी जमशेदपुर के नए निदेशक डॉ गौतम सूत्रधार ने आईआईटी खड़गपुर से फाउंड्री टेक्नोलॉजी में मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग में एमटेक की डिग्री प्राप्त किया है और बीआईटी मेसरा से पीएचडी किए हैं. सूत्रधार मूल रूप से जादवपुर विश्वविद्यालय कोलकाता में मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर हैं और फाउंड्री टेक्नोलॉजी में देश के जाने-माने विशेषज्ञ हैं. डॉक्टर सूत्रधार अपने योगदान के पहले दिन ही संस्थान के कुलसचिव, डीन, विभागाध्यक्ष, सभी प्रभाग के पदाधिकारियों के साथ बैठक कर संस्थान के समग्र विकास पर कार्य योजना के लिए गहन विमर्श किया. इस आशय की जानकारी संस्थान के मीडिया प्रभारी सुनील कुमार भगत ने दी. [wpse_comments_template]
: डीएवी पब्लिक स्कूल : सीबीएसई 12वीं के साइंस में राजेंद्र पिरी बना स्कूल टॉपर डॉक्टर शुक्ला एनआईटी इलाहाबाद में औपचारिकताओं को पूरा कर एनआईटी भोपाल में निदेशक के पद पर योगदान देने जाएंगे. एनआईटी जमशेदपुर के नए निदेशक डॉ गौतम सूत्रधार ने आईआईटी खड़गपुर से फाउंड्री टेक्नोलॉजी में मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग में एमटेक की डिग्री प्राप्त किया है और बीआईटी मेसरा से पीएचडी किए हैं. सूत्रधार मूल रूप से जादवपुर विश्वविद्यालय कोलकाता में मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर हैं और फाउंड्री टेक्नोलॉजी में देश के जाने-माने विशेषज्ञ हैं. डॉक्टर सूत्रधार अपने योगदान के पहले दिन ही संस्थान के कुलसचिव, डीन, विभागाध्यक्ष, सभी प्रभाग के पदाधिकारियों के साथ बैठक कर संस्थान के समग्र विकास पर कार्य योजना के लिए गहन विमर्श किया. इस आशय की जानकारी संस्थान के मीडिया प्रभारी सुनील कुमार भगत ने दी. [wpse_comments_template]
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