Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

बालासोर तट से अग्नि प्राइम मिसाइल का सफल परीक्षण, 1 से 2 हजार किमी तक कर सकती है वार

Advertisement
Advertisement
LagatarDesk :  भारत ने शनिवार को अग्नि प्राइम मिसाइल का सफल परीक्षण किया. अग्नि प्राइम का परीक्षण ओडिशा के बालोसोर तट पर किया गया. अग्नि प्राइम मिसाइल को रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) द्वारा डिजाइन और विकसित किया गया है.

अल्‍ट्रा मॉर्डन टेक्निक के कारण मिसाइल का वजन हल्का

परीक्षण कर रहे अधिकारियों ने बताया कि टेस्ट के दौरान अग्नि प्राइम मिसाइल में कई नये फीचर्स जोड़े गये. यह उच्च स्तर की सटीकता के साथ मिशन के सभी लक्ष्यों को पूरा किया. अग्नि प्राइम अल्‍ट्रा मॉर्डन टेक्निक से लैस है. यही कारण है कि इस मिसाइल का वजन बहुत कम है. https://twitter.com/ANI/status/1472090528791482370

अग्नि सीरीज की छठी मिसाइल है अग्नि प्राइम

बता दें कि अग्नि प्राइम मिसाइल अग्नि सीरीज की नयी जेनरेशन की एडवांस्ड मिसाइल है. अग्नि सीरीज की यह छठी मिसाइल है. इसकी मारक क्षमता 1000 से 2000 किलोमीटर है. यह मिसाइल सतह से सतह पर मार करने वाली है. अग्नि प्राइम को ट्रेन में ले जाया जा सकता है या किसी बॉक्स में रखा जा सकता है. इसे भी पढ़े : किसान">https://lagatar.in/chadhuni-who-came-into-the-limelight-due-to-the-farmers-movement-formed-the-united-sangharsh-party/">किसान

आंदोलन से सुर्खियों में आये चढ़ूनी ने संयुक्त संघर्ष पार्टी बनायी, पंजाब में सभी सीटों पर ठोकेगी ताल 

इसी सप्ताह किया गया सुपरसोनिक मिसाइल का भी परीक्षण

बता दें कि इसी सप्ताह भारत ने ओडिशा तट से दूर अब्दुल कलाम तट पर ‘सुपरसोनिक मिसाइल असिस्टेड टॉरपीडो सिस्टम’ का सफलतापूर्वक प्रक्षेपण किया था. जिसे पनडुब्बी रोधी युद्धक क्षमताओं को बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है.  जो पारंपरिक टॉरपीडो की रेंज से बहुत अधिक है. इसे भी पढ़े : झारखंड">https://lagatar.in/nia-engaged-in-cracking-down-on-maoists-and-criminal-gangs-in-jharkhand-investigation-of-four-big-cases-started/">झारखंड

में माओवादियों व आपराधिक गिरोह पर नकेल कसने में जुटी एनआईए, चार बड़े मामले की जांच शुरू

 ये हैं अग्नि सी‍रीज मिसाइल और उनकी रेंज

अग्नि-1 : इसमें एसएलवी-3 बूस्टर का प्रयोग किया गया है इसकी मारक क्षमता 700 किलोमीटर है. इसमें लिक्विड फ्यूल भरा जाता है. 28 मार्च 2010 में इसका पहला परीक्षण हुआ था. यह मिसाइल अपने साथ परमाणु सामग्री ले जाने में सक्षम है. अग्नि 2 :  परमाणु क्षमता वाली इस मिसाइल की रेंज 3000 किलोमीटर है. यह अपने साथ 1000 किलो सामग्री तक ले जाने में सक्षम है. अग्नि 3 :  अग्नि 3 की मारक क्षमता 3000 किलोमीटर तक है. हालांकि इसे 4000 किलोमीटर तक भी बढ़ाया जा सकता है. इसे 600 से 1800 किलो तक परमाणु सामग्री से लैस किया जा सकता है. अग्नि 4 : 4000 किलोमीटर तक की मारक क्षमता रखने वाली इस मिसाइल की जद में पूरा पाकिस्तान और आधे से ज्यादा चीन आ सकता है. यह भी परमाणु क्षमता वाली मिसाइल है. अग्नि 5 :  अप्रैल 2012 को अग्नि 5 का पहला परीक्षण किया गया था. इस मिसाइल के साथ ही भारतीय सेनाएं पूरे चीन को निशाना बनाने में सक्षम हो गयी थीं. इसकी रेंज 5500 किलोमीटर है, जिसे 7000 किलोमीटर तक बढ़ाया जा सकता है. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही