Search

एमपॉक्स से दुनिया में हाहाकार, अफ्रीका-स्वीडन के बाद पाक में फैला वायरस, WHO ने ग्लोबल पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित की

New Delhi एमपॉक्स वायरस ने एक बार फिर दस्तक दे दी है. दुनियाभर में यह वायरस तेजी से फैल रहा है. एमपॉक्स का कहर अफ्रीका के कांगो में सबसे ज्यादा देखने को मिल रहा है. इसके अलावा पूर्वी कांगो के रवांडा, युगांडा, बुरुंडी और केन्या में भी वायरस तेजी से फैल रहा है. वहीं अब पाकिस्तान में भी एमपॉक्स का पहला मामला सामने आया है. 34 वर्षीय व्यक्ति में एमपॉक्स का लक्षण पाया गया है. जानकारी के अनुसार, वह 3 अगस्त को सऊदी अरब से पाकिस्तान लौटा था. इसके कुछ दिन  बाद ही उसमें एमपॉक्स का लक्षण पाया गया. पाकिस्तानी स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी इसकी पुष्टि की है. 

डब्ल्यूएचओ ने ग्लोबल पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित की

दुनियाभर में एमपॉक्स के लगातार बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य एजेंसी डब्ल्यूएचओ ने इसे ग्लोबल पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित कर दी है. स्वास्थ्य एजेंसी ने एमपॉक्स वायरस को `ग्रेड 3 इमरजेंसी` के रूप में वर्गीकृत किया है. इसका मतलब इस पर तत्काल ध्यान देने की जरुरत है. डब्ल्यूएचओ के डायरेक्टर जनरल डॉ. टेड्रोस एडनॉम घेब्रेयेसस ने कहा कि मंकीपॉक्स के एक नये ग्रुप का उभरना, पूर्वी डीआरसी (कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य) में इसका तेजी से फैलना और कई पड़ोसी देशों में मामलों की सूचना मिलना बहुत चिंताजनक है. एमपॉक्स क्लेड्स के प्रकोप ​​को रोकने और जीवन बचाने के लिए एक इंटरनेशनल एक्शन की जरुरत है.

https://twitter.com/DrTedros/status/1824329054905934301

अमेरिका और कनाडा ने किया आगाह

दुनिया में एमपॉक्स के बढ़ते मामले को देखते हुए अमेरिका और कनाडा ने देशवासियों को आगाह किया है. अमेरिकन सीडीसी ने डॉक्टरों को त्वचा पर चकते और घाव जैसी बीमारियों से सतर्क रहने की चेतावनी जारी की है. वहीं कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने भी देशवासियों को आगाह किया है. उन्होंने कहा कि एक नया वायरस आने वाला है, जो कोविड 19 से भी ज्यादा खतरनाक हो सकता है. इसलिए सभी को इससे सावधान रहने की आवश्यकता है. https://twitter.com/UN/status/1823843541094678780

एमपॉक्स क्या है?

एमपॉक्स एक वायरल बीमारी है, जो मंकीपॉक्स वायरस के कारण होती है. मंकीपॉक्स वायरस ऑर्थोपॉक्सवायरस जीनस की एक प्रजाति है. एमपॉक्स को पहले मंकीपॉक्स के नाम से जाना जाता था. लेकिन बाद में इसका नाम बदलकर एमपॉक्स कर दिया गया. यह वायरस चेचक फैलाने वाले वायरस से संबंधित है. वैज्ञानिकों ने  इस वायरस की पहचान पहली बार 1958 में की थी. इस दौरान बंदरों को यह बीमारी हुआ था. एमपॉक्स ज्यादातर मध्य और पश्चिमी अफ्रीका के उष्णकटिबंधीय वर्षावन क्षेत्रों में होते हैं. लेकिन मई 2022 से यूरोप और उत्तरी अमेरिका के कई देशों में भी एमपॉक्स के मामले तेजी से बढ़े हैं. ऑस्ट्रेलिया में भी एमपॉक्स वायरस फैला है.

ऐसे फैलता है एमपॉक्स ?

एमपॉक्स वायरस किसी संक्रमित व्यक्ति, संक्रमित पशु या वायरस से दूषित पदार्थों के संपर्क में आने से  फैलता है. एमपॉक्स एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में संक्रामक त्वचा या मुंह या जननांगों जैसे अन्य घावों के सीधे संपर्क के माध्यम से फैल सकता है. लेकिन यौन संबंध या समलैंगिक संबंध बनाने पर यह सबसे अधिक एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलता है. कपड़ों या लिनेन जैसी दूषित वस्तुओं के उपयोग, टैटू की शॉप, पार्लर या अन्य पब्लिक जगहों पर यूज होने वाली कॉमन चीजों से भी यह फैल सकता है. संक्रमित पशुओं द्वारा मनुष्यों को काटने, खरोंचने से भी यह मनुष्यों में फैल सकता है.

एमपॉक्स के लक्षण 

एमपॉक्स वायरस फैलने पर शुरुआती में फ्लू जैसे लक्षण देखने को मिलते हैं. एमपॉक्स में कुछ लोगों को दाना होता है. वहीं कुछ लोगों को दाना नहीं होता है.

बिना दाने वाले लक्षण

  • बुखार , सिरदर्द , ठंड लगना
  • जोड़ों का दर्द, पीठ दर्द, मांसपेशियों में दर्द
  • सूजी हुई लिम्फ नोड्स ( सूजी हुई ग्रंथियां )
  • अत्यधिक थकान

 21 दिनों के अंदर दिखना शुरू होता है लक्षण

एमपॉक्स से संक्रमित लोगों को अक्सर शरीर पर दाने हो जाते हैं. दाने हाथ, पैर, छाती, चेहरे या मुंह या जननांगों के आसपास होते हैं. ये दाने अंततः फुंसी (मवाद से भरे बड़े सफेद या पीले दाने) और ठीक होने से पहले पपड़ी बनाते हैं. आमतौर पर दाने बुखार और अन्य गैर-दाने लक्षणों के 1 से 5 दिन बाद विकसित होते हैं.  एमपॉक्स वायरस एक विशिष्ट प्रकार के दाने का कारण बनता है, जो कभी-कभी बड़े चिकनपॉक्स फफोले के समान दिखते हैं. वायरस के संपर्क में आने के 5 से 21 दिनों के अंदर दिखना शुरू होते हैं. एमपॉक्स के संपर्क में आने और लक्षण दिखने का समय 3 से 17 दिन है. इस दौरान, व्यक्ति में कोई लक्षण नहीं दिखते. लेकिन इस समय के पूरा होने के बाद वायरस का असर दिखने लगता है. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp