Lagatar Desk
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने का एलान किया है. सीजेपी की मांग मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा है. विपक्षी दल भी लगातार आक्रामक हैं और दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे हैं. राहुल गांधी समेत तमाम विपक्षी नेता पिछले तीन दिनों में दो बार गिरफ्तार किये जा चुके हैं.
विपक्षी दलों और सीजेपी का स्पष्ट आरोप है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) में अनियमितता की गई है. युवाओं को मतदाता सूची में शामिल नहीं किया गया है. और इन सबके लिए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार जिम्मेदार हैं. उन्हें तुरंत पद छोड़ना होगा.
विपक्षी दलों व सीजेपी के प्रदर्शन को देखते हुए केंद्र सरकार ने दिल्ली को किले में तब्दील कर दिया है. दिल्ली में CRPF की 221 कंपनियों की तैनाती की गई है. जम्म-कश्मीर, छत्तीसगढ़ व पश्चिम बंगाल से सीआरपीएफ के जवानों को हवाई जहाज से दिल्ली पहुंचाया गया है. दिल्ली में सीआरपीएफ की 23,000 जवान तैनात किए गए हैं. इसके अलावा दिल्ली पुलिस के भी 12-13 हजार जवानों की तैनाती की जायेगी. बड़ी संख्या में महिला जवानों की भी तैनाती की गई है.
दिल्ली पहुंचने के सारे रास्ते पर चेकिंग बढ़ा दी गयी है. लॉज, होटल यहां तक कि पीजी तक पर नजर रखने का निर्देश दिया गया है. व्यवसायिक प्रतिष्ठानों से भी 10 अक्टूबर को सहयोग करने की अपील की गई है.
गृह मंत्रालय ने दिल्ली पुलिस को अतिरिक्त 110 कंपनियां दी हैं. इनमें 85 सीआरपीएफ, 10 एसएसबी, 7 आरएएफ, 7 आईटीबीपी और एक सीआईएसएफ कंपनी शामिल है. पिछली जुलाई में हुए कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन के दौरान से ही दिल्ली में केंद्रीय अर्द्धसैनिक बलों की 111 कंपनियां मौजूद थीं.
दिल्ली पुलिस के करीब 15,000 से 20,000 कर्मी भी ड्यूटी पर रहेंगे. नई दिल्ली जिले में जंतर-मंतर के आसपास अकेले 5,000 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात बताए गए हैं. महिलाओं की बड़ी भागीदारी के अनुमान पर पांच ऑल-वूमन अर्धसैनिक कंपनियां (450-500 जवान) भी शामिल की गई हैं.
दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर या नई दिल्ली क्षेत्र में किसी प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी है. दिल्ली में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है. बोर्डर इलाकों, मेट्रो और प्रमुख मार्गों पर निगरानी बढ़ा दी गई है. करीब 2,800 लोगों को चेहरा पहचान प्रणाली से चिह्नित कर उनकी आवाजाही पर नजर रखी जा रही है. 9 और 10 अक्टूबर को शराब की दुकानें बंद रहेंगी और मध्य दिल्ली के होटलों को बुकिंग सीमित करने को कहा गया है.
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