Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

बहरागोड़ा : सीमा पर यमराज बन घूम रहे गजराज, थम सी गई है ग्रामीणों की जिंदगी

Bahragora (Himangshu karan)चाकुलिया वन क्षेत्र के बहरागोड़ा और चाकुलिया प्रखंड तथा पश्चिम बंगाल के गिधनी वन क्षेत्र की सीमा पर 150 से अधिक गजराज यमराज बनकर घूम रहे हैं. इस कारण ग्रामीणों की जिंदगी थम सी गई है. हाथियों के उत्पात से किसान खेत और बच्चे स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र नहीं जा रहे हैं. स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों की संख्या काफी घट गई है. वन उत्पाद चुनने के लिए ग्रामीण जंगल भी नहीं जा रहे हैं. सर्वत्र तबाही का मंजर है. ग्रामीणों का अपने घरों से निकलना मुश्किल हो गया है. वन विभाग और ग्रामीण रात में हाथियों को पश्चिम बंगाल की सीमा में खदेड़ते रहते हैं तो सुबह में पश्चिम बंगाल के ग्रामीण हाथियों को इस इलाके में खदेड़ देते हैं. इसे भी पढ़ें : धनबाद:">https://lagatar.in/%e0%a4%a7%e0%a4%a8%e0%a4%ac%e0%a4%be%e0%a4%a6-%e0%a4%ac%e0%a4%be%e0%a4%82%e0%a4%97%e0%a5%8d%e0%a4%b2%e0%a4%be-%e0%a4%ad%e0%a4%be%e0%a4%b7%e0%a4%be-%e0%a4%95%e0%a5%8b-%e0%a4%ac%e0%a4%9a%e0%a4%be/">धनबाद:

बांग्ला भाषा को बचाने के लिए एकजुट आंदोलन की जरूरत : बेगू ठाकुर

हाथी भी उग्र हो रहे हैं : वन विभाग

https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/05/Bahragora-Bans.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> जंगली हाथी आवाम के लिए एक त्रासदी बन गए हैं. ग्रामीण समझ नहीं पा रहे हैं कि क्या करें और कहां जाएं? हाथी भी उग्र होते जा रहे हैं और ग्रामीण भी. दोनों राज्य से खदेड़े जाने के कारण जंगली हाथी भी खासे परेशान हैं. बहरागोड़ा प्रखंड की सांडरा, खेड़ुआ और चाकुलिया प्रखंड की सरडीहा और कालापाथरा पंचायत की सीमा से सटे गांव के ग्रामीण पिछले एक सप्ताह से हाथियों के उपद्रव से परेशान हैं. जंगली हाथी पिछले तीन दिनों में दो महिला और एक पुरुष को घायल कर चुके हैं. हाथी किसानों के खेत में गरमा धान की फसल को नुकसान पहुंचा रहे हैं. किसानों द्वारा की गई सब्जी की खेती को भी बर्बाद कर रहे हैं. बांस के बगीचे को तहस-नहस कर रहे हैं. विद्यालयों में घुस कर भी तबाही मचा रहे हैं. इसे भी पढ़ें : गावां">https://lagatar.in/gawan-girl-student-passed-nnms-exam-will-get-scholarship/">गावां

: छात्रा ने उत्तीर्ण की एनएनएमएस परीक्षा, मिलेगी छात्रवृत्ति

पूरे क्षेत्र में 150 हाथी हैं

https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/05/Bahragora-Anganbari.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> ग्रामीणों के अनुसार करीब 150 जंगली हाथी कई दलों में बंट कर क्षेत्र में घूम रहे हैं. इस इलाके की अधिकांश सड़कें जंगलों से गुजरी है. हाथियों के कारण इन सड़कों पर चलना मुश्किल हो गया है. ग्रामीणों का कहना है कि जंगली हाथी साक्षात मौत बनकर क्षेत्र में घूम रहे हैं. कब किसकी जान चली जाएगी, कहना मुश्किल है. शुक्रवार को बहरागोड़ा प्रखंड की सीमा से सटे दुधकुंडी आंगनबाड़ी केंद्र में 45 बच्चों में सिर्फ 25 बच्चे ही आए थे. सेविका बसंती मांडी ने बताया कि हाथियों के डर से अन्य गांव के बच्चे नहीं आ रहे है.

88 में से 38 विद्यार्थी ही आए थे 

गांव के उत्क्रमित मध्य विद्यालय में भी विद्यार्थियों की संख्या काफी कम थी. 88 विद्यार्थियों में 38 विद्यार्थी ही स्कूल आए थे. ग्रामीणों के मुताबिक जंगली हाथियों का दल आसपास के जंगलों में ही है. चाकुलिया वन क्षेत्र के प्रभारी वन क्षेत्र पदाधिकारी दिग्विजय सिंह ने कहा कि वन विभाग क्विक रिस्पांस टीम की मदद से हाथियों को खदेड़ने का प्रयास कर रहा है. समस्या यह है कि हाथियों को पश्चिम बंगाल में खदेड़ने पर वहां से भी हाथियों को इस इलाके में खदेड़ दिया जा रहा है. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही