Bermo : झारखंड राज्य जनसेवक संघ के आह्वान पर बोकारो जिला में कार्यरत 56 जनसेवक 9 मई से 11 सूत्री मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं. 13 मई को हड़ताल का पांचवां दिन है. हड़ताल का असर प्रखंडों में कामकाज पर पड़ा है.
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जनसेवकों के जिम्मे ये काम
जनसेवक प्रखंड स्तरीय पर्यवेक्षकीय काम करते हैं. पर्यवेक्षीय कार्य में प्रखंड कल्याण पदाधिकारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी, सहायक गोदाम प्रबंधक की जिम्मेवारी शामिल है. इसके अलावा प्रखंडों में अधिकांश पंचायतों के पंचायत सचिव का प्रभार भी जनसेवकों को है.प्रखंड में कामकाज पर असर
जनसेवकों के हड़ताल का असर प्रखंड स्तरीय अधिकांश विभागों पर पड़ा है. जनसेवक की अनुपस्थिति में मुखिया विकास से संबंधित कार्य नहीं कर पा रहे हैं. इस संबंध में गोमिया प्रखंड के ससबेड़ा पश्चिमी पंचायत की मुखिया शांति देवी ने बताया कि योजना का चयन नहीं हो पा रहा है. जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र निर्गत किया जाना स्थगित है. चतरोचट्टी पंचायत के मुखिया महादेव महतो ने बताया कि जनसेवकों की जगह दूसरे विभाग के कर्मचारी को प्रभार सौंपा गया है. स्वांग दक्षिणी पंचायत की मुखिया रीणा सिंह ने बताया कि योजनाओं का जिओ टैग नहीं हो रहा है. जनसेवकों का कहना है कि हम लोगों की नियुक्ति वर्ष 2012 में विज्ञापन प्रकाशित कर ग्रेड पे वेतमान के अनुसार हुई थी. राज्य सरकार ने ग्रेड पे बढ़ाने की जगह इसमें कटौती की घोषणा की है. जनसेवकों में इसे लेकर नाराजगी है. इसके अलावा जनसेवकों की और भी मांगे हैं. यह">https://lagatar.in/wp-admin/post.php?post=636027&action=edit">यहभी पढ़ें : कसमार : पेयजल की वैकल्पिक व्यवस्था नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी [wpse_comments_template]
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