Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

NHM Audit में बड़ा खुलासा, रांची में 26.5 करोड़ की खरीद पर सवाल, सिविल सर्जन को शोकॉज

 Ranchi :  राजधानी रांची में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के विशेष ऑडिट में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितता उजागर हुई है. ऑडिट रिपोर्ट के अनुसार टेंडर प्रक्रिया को दरकिनार कर कोटेशन के जरिए 26.5 करोड़ रुपये से अधिक की दवा और अन्य सामग्रियों की खरीद की गयी. यह गड़बड़ी जिला स्तर के साथ-साथ कई प्रखंडों में भी पायी गयी है.

 

रिपोर्ट में कहा गया है कि इतनी बड़ी राशि की खरीद के लिए टेंडर अनिवार्य था, लेकिन नियमों की अनदेखी कर कोटेशन से ही पूरी प्रक्रिया पूरी की गयी. इतना ही नहीं, खरीद से पहले नोटिस बोर्ड पर सूचना भी नहीं लगाई गयी, जो नियमों का उल्लंघन है. ऑडिटर ने जिला स्वास्थ्य समिति की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं.

 

ऑडिट के दौरान कई कंपनियों को किए गए बड़े भुगतान के दस्तावेज भी उपलब्ध नहीं कराए गए. इसमें एआर इंडस्ट्रीज, एजीएस एंटरप्राइजेज, क्यूरिंग फार्मास्यूटिकल्स, हिंद इंफ्राप्रोजेक्ट, मां भगवती, मां देउरी फार्मास्यूटिकल्स, मां सारदा इंटरप्राइजेज, महाबाला इंटरप्राइजेज और पलामू इंटरप्राइजेज जैसी कंपनियां शामिल हैं.

 

ऑडिटर ने आशंका जताई है कि नियमों को नजरअंदाज कर कुछ खास लोगों को लाभ पहुंचाने के लिए यह प्रक्रिया अपनाई गयी.

 

जिले के 18 में से 14 प्रखंडों के ऑडिट में यह भी सामने आया कि 1025 ग्राम स्वास्थ्य समितियों और 241 उपकेंद्रों को करीब 1.99 करोड़ रुपये वितरित किए गए, लेकिन खर्च का कोई प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं कराया गया. इससे फंड के उपयोग पर भी सवाल खड़े हो गए हैं.

 

वित्त वर्ष 2024-25 में 13 प्रखंडों में दवा और अन्य सामग्री की शत-प्रतिशत खरीद कोटेशन के जरिए ही की गयी. इसमें रातू, नामकुम, चान्हो और सदर अस्पताल रांची शामिल हैं. ऑडिट टीम ने इसे गंभीर अनियमितता माना है.

 

जननी सुरक्षा योजना में भी गड़बड़ी उजागर हुई है. चान्हो, नामकुम और सदर अस्पताल में प्रसव के बाद महिलाओं को दी जाने वाली 1400 रुपये की सहायता राशि के भुगतान में गड़बड़ी मिली है.

 

 रिकॉर्ड के अनुसार 5719 महिलाओं को लाभ दिया गया और करीब 80 लाख रुपये खर्च हुए, लेकिन कई मामलों में वास्तविक लाभार्थियों का नाम रिकॉर्ड में नहीं मिला. कुछ एंट्री में लाभार्थी का विवरण संदिग्ध पाया गया है.

 

इस मामले में एनएचएम के वित्त निदेशक ने रांची के सिविल सर्जन को शोकॉज नोटिस जारी कर एक सप्ताह में जवाब मांगा है. वहीं सिविल सर्जन प्रभात कुमार ने कहा कि वह फिलहाल बाहर हैं और उन्हें नोटिस की जानकारी नहीं है. बिना दस्तावेज देखे वह कोई टिप्पणी नहीं कर सकते.

 

 Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय  साझा करें 

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही