Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

बोकारो: घटिया बटखारा से ग्राहकों को हो रहा नुकसान, विभाग निष्क्रिय

Advertisement
Advertisement
Bokaro: मापतौल विभाग की निष्क्रियता के कारण आम लोग ठगी के शिकार हो रहे हैं. साथ ही साथ विभाग को लाखों करोड़ों रुपए का चूना भी लग रहा है. मामला बोकारो के सबसे बड़े मार्केट दुन्दीबाग बाजार का है. यहां रोजाना लाखों व साप्ताहिक करोड़ों रुपए की खरीदारी होती है. दुकानदार अपने हिसाब से ग्राहकों को समान देते हैं. कोई दुकानदार आधा किलो सामग्री के एवज में 400 ग्राम देते हैं तो कोई विक्रेता 450 ग्राम में ही निपट देते हैं. कई ऐसे दुकानदार हैं, जो तराजू पर घटिया बिना मार्क वाले बाटों से सामान तौलते हैं. ऐसे में कई बार ग्राहक और दुकानदारों के बीच झगड़ा भी हो जाता है. इसके बाद भी मापतोल विभाग निष्क्रिय है. कई ऐसे दुकानदार हैं, जिनका तराजू या इलेक्ट्रॉनिक वेइंग मशीन का संबंधित विभाग से कोई सत्यापन नहीं है, ना ही विभाग द्वारा इन्हें लाइसेंस दिया गया है. फिर भी धड़ल्ले से दुकानदार सामानों की बिक्री कर रहे हैं. ग्राहक इनके द्वारा ठगी का शिकार हो रहे हैं. इलेक्टॉनिक वेइंग मशीन के बारे में सब्जी विक्रेता उमेश कुमार ने कहा कि उन्हें इस बारे में पता नहीं है. ना ही विभाग की ओर से किसी प्रकार की सूचना मुहैया कराई गई है कि तराजू और बटखारा सहित इलेक्ट्रॉनिक मशीनों का लाइसेंस लेना पड़ता है. वहीं आलू विक्रेता कमलेश कुमार ने कहा कि हमलोगों को ऐसी कोई जानकारी ही नहीं है कि माप तोल विभाग से वेइंग मशीन का लाइसेंस लेना पड़ता है. इसे भी पढ़ें– उज्जैन">https://lagatar.in/bajrang-dal-created-ruckus-regarding-promotion-of-brahmastra-in-ujjain-alia-ranbir-returned-without-seeing-mahakal/">उज्जैन

में ‘ब्रह्मास्त्र’ के प्रमोशन को लेकर बजरंग दल ने मचाया बवाल, महाकाल के दर्शन किये बिना आलिया-रणबीर वापस लौटे
दूसरी ओर राशन विक्रेता नेपाल कुमार ने कहा कि पहले विभाग की ओर से लाइसेंस दिया जाता था. लेकिन जब से इलेक्ट्रॉनिक वेइंग मशीन आ गई है इसके बाद ना तो लाइसेंस लेने की जरूरत पड़ी और ना ही नवीकरण कराने की. बता दें कि मापतौल विभाग का यह दायित्व बनता है कि वह ऐसे दुकानदारों को लाइसेंस निर्गत कर वर्ष में एक बार उस लाइसेंस का नवीकरण कराए. लेकिन विभाग की ओर से इस प्रकार की कोई जागरुकता अभियान नहीं चलाने के कारण आमजन रोजाना ठगी के शिकार हो रहे हैं. जब लगातार मीडिया की टीम ने विभागीय अधिकारी से सवाल किये तो उन्होंने कोई भी जानकारी देने से यह बताकर इंकार कर दिया की इसके लिए वे अधिकृत नहीं है. कहा कि इस पर डीसी जवाब देंगे. इसे भी पढ़ें– कोयला">https://lagatar.in/kolkata-coal-scam-cbi-again-in-action-mode-mamta-banerjees-minister-malay-ghatak-raided/">कोयला

घोटाला: सीबीआई फिर एक्शन मोड में, ममता बनर्जी के मंत्री मलय घटक के ठिकानों पर छापा मारा
[wpse_comments_template]  
Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही