Bokaro : बोकारो ग्रामीण रैयत अधिकार मोर्चा ने डीसी व एसडीओ के ख़िलाफ मोर्चाबंदी शुरु किया है. मोर्चा ने सरकार से डीसी और एसडीओ को निलंबित करने की मांग की है. जिसे लेकर मोर्चा की संयोजक मंडली की एक बैठक शनिवार को भतुआ में पूर्व मुखिया नरेश महतो की अध्यक्षता में हुई. बैठक में 10 जनवरी को डीसी कार्यालय के समक्ष आयोजित धरना प्रदर्शन को लेकर चर्चा की गई. ग्रामीणों से संयोजक मंडली ने परिवार सहित प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की. मौके पर उपस्थित मोहम्मद कमालुद्दीन अंसारी ने कहा की 24 सितंबर 2022 को द.पू. रेलवे ने धनघरी के घरों को अतिक्रमण घोषित कर तोड़ा गया है. इसमें बोकारो डीसी, एसडीओ चास की भी व्यक्तिगत भूमिका है. उन्होंने कहा कि लिखित व मौखिक रूप से डीसी, एसडीओ को बताया गया था कि ड्यू प्रोसेस ऑफ लॉ एंड प्रोसेस एस्टेब्लिश्ड बाय लॉ आर्टिकल 300 ए फुलफिल नहीं है. लेकिन इन दोनों अधिकारियों ने ग्रामीण रैयतों की फरियाद नहीं सुनी. उन्होंने राज्य सरकार से डीसी और एसपी को निलंबित करने की मांग की. बैठक में मो.इश्तियाक, अरविंद कुमार, अशोक राय, अमजद अंसारी, बिनोद राय, अरुण महतो, राजकिशोर, मनोज महतो, फिरोज अंसारी, किशोर कुमार, फिरोज राय, शहादत अंसारी, अजमल मोईन अंसारी व मासस जिला उपसचिव भीम रजक उपस्थित थे. यह">https://lagatar.in/bokaro-notice-board-is-not-updated-in-dpro-office/">यह
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