Search

बजट सत्रः सदन में उठा जमशेदपुर के 1800 एकड़ में बसी बस्ती का मामला

सरयू राय ने 2018 की अधिसूचना रद्द करने की मांग सरकार नई नीति बनाएगी तो 500 करोड़ की होगी आमदनी Ranchi: बजट सत्र के दूसरे दिन की पहली पाली में विधायक सरयू राय ने जमशेदपुर में 1800 एकड़ में बसी बस्ती का मामला उठाया, जिसे टाटा सबलीज से अलग कर दिया गया है. सरयू राय ने दिल्ली और इंदौर का उदाहरण देते हुए कहा कि इस मामले में 2018 को जारी की गई अधिसूचना रद्द कर दी जाये. सरकार अगर इस मामले में नई नीति बनाएगी तो सरकार को 500 करोड़ रुपये की आमदनी भी होगी. इस पर वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव ने कहा कि अवैध कब्जा के सेटलमेंट के दो तरीके हैं. पहला अवैध कब्जाधारी को कुछ जमीन दे दी जाए. दूसरा सरकार नियमितीकरण कर दे. लेकिन 2018 में जो नीति बनी, उसमें 10 डिसमिल देने की ही बात कही गई है. इस पर सरयू राय ने कहा कि किसी का घर 15 डिसमिल में बना हुआ है तो पांच डिसमिल कौन देगा. इस जमीन पर 17986 आवास बने हुए हैं. इस मामले में अपर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में समिति बनाई जाए. रामेश्वर उरांव ने कहा कि जब तक नई नीति नहीं बनती, तब तक यही नीति लागू रहेगी. किसी का घर टूटे नहीं इस पर सरकार विचार कर सकती है. इसे भी पढ़ें- भाजपा">https://lagatar.in/former-jharkhand-cm-madhu-koda-and-mp-geeta-koda-join-bjp/">भाजपा

का प्राइज कैच, झारखंड के पूर्व सीएम मधु कोड़ा और सांसद गीता कोड़ा ने थामा दामन
[wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp