Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

बजट सत्रः रामेश्वर बोले, मंत्री मेरा भतीजा है मैं प्रश्न नहीं करूंगा, हफीजुल बोले - सीपी चचा के बाद वे सबसे वरिष्ठ

Ranchi: झारखंड विधानसभा में चल रहे बजट सत्र के दौरान गुरुवार को ध्यानाकर्षण के जरिए डॉ रामेश्वर उरांव ने कहा कि जलसंसाधन आयोग का गठन अभी प्रक्रियाधीन है. इसलिए मैं आधे मन से धन्यवाद देता हूं. जब गठन हो जाएगा तब पूरे मन से धन्यवाद दूंगा. इस बीच स्पीकर ने कहा कि मंत्री जी से पूरा जान लीजिए. इस पर रामेश्वर उरांव ने कहा कि मंत्री मेरा भतीजा है, मैं प्रश्न नहीं करूंगा. इसके बाद हफीजुल ने कहा सीपी चचा के बाद रामेश्वर उरांव सबसे वरिष्ठ हैं. इसे भी पढ़ें -एलन">https://lagatar.in/elon-musks-company-x-files-suit-against-indian-government-for-illegal-censorship/">एलन

मस्क की कंपनी एक्स ने भारत सरकार के खिलाफ ‘गैरकानूनी सेंसरशिप’ को लेकर मुकदमा दायर किया

झालको को हम जिंदा करेंगेः हफीजुल

मंत्री हफीजुल ने कहा कि हम झालको को जिंदा करेंगे. झालको में ग्राम सभा के माध्यम से काम होता है. जलनीति 2015 से लागू है. इसकी समीक्षा की जाएगी. रामेश्वर उरांव ने कहा कि पानी के प्रबंधन के लिए काम करना होगा. 2011 में जलनीति बनी. इसके अनुसार काम नहीं हो पाया. इसको अपनाने से समाजिक और आर्थिक बेहतरी आएगी.

46 साल में स्वर्णरेखा परियोजना पूरा नहीं हुआ

रामेश्वर उरांव ने कहा कि 46 साल में स्वर्णरेखा परियोजना पूरा नहीं हुआ. इससे ज्यादा फायदा भी नहीं हुआ. बड़ी परियोजनाओं की जगह छोटी-छोठी परियोजनाएं लें. गाद की सफाई करें. चोकडैम में सोलर से पानी निकालने व्यवस्था करें. सीमांत किसान के लिए कुंआ और तालाब की व्यवस्था करें. जलसंसाधन के लिए बजट ज्यादा होना चाहिए.

गुमला नगर परिषद के छह से सात वार्ड में पीने का पानी नहीं: भूषण

भूषण तिर्की ने कहा कि गुमला नगर पालिका की स्थापना 1973 में हुई थी. उस समय 10 वार्ड थे. 1983 में नगर परिषद बन गया. अब 22 वार्ड हो गए हैं. इसमें छह से सात वार्ड आदिवासी बहुल क्षेत्र हैं. इसमें एक बूंद भी पीने का पानी उपलब्ध नहीं है. मंत्री सुदिव्य सोनू ने कहा कि वहां के लिए 112 करोड़ की योजना ली गई है. जिससे 63435 लोगों को पानी पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है. इसके लिए दो बार टेंडर निकला. 23 फरवरी 2024 को टेंडर में पांच बिड्स आए, पांचों टेक्नीकली फेल हो गए. फिर 13 सितंबर 2025 को टेंडर में छह बिड्स आए, इसंमें चार टेक्नीकली फेल हो गए. अब व्लर्ड बैंक के पास एप्रुवल के लिए गया है. एक माह के अंदर टेंडर का निष्पादन कर लिया जाएगा. तब तक एचवाईडीटी का प्रस्ताव दें.

एक भी योजना चालू दिखा दें, इस्तीफा देकर चला जाऊंगाः उदय शंकर सिंह

उदय शंकर सिंह ने कहा कि सारठ विधानसभा क्षेत्र में सारठ, करमाटांड और पालाजोरी में पानी के लिए त्राहिमाम है. इसमें सरकार का जो वक्तव्य आया है. विभाग सरकार को धोखा दे रही है. गलत रिर्पोटिंग कर रही है. अगर एक भी चालू योजना दिखा दें तो मैं इस्तीफा देकर चला जाउंगा. चापानल सिर्फ कागज में चालू है. कहीं भी सारठ अवर प्रमंडल भी दिखा दें. मंत्री योगेंद्र प्रताप ने कहा कि तकनीकी कारणों से योजनाएं शुरू नहीं हुई हैं. हम जांच करवा लेंते हैं. केंद्रांश नहीं मिला है, इसलिए योजना चालू नहीं हुई है. चापानल बनवाया जाएगा. रागिनी सिंह ने कहा कि झरिया में 312 करोड़ की पेयजलापूर्ति योजना काम धरातल पर शुरू नहीं हुआ है. झरिया में पानी की समस्या है. इसे भी पढ़ें -EXCLUSIVE">https://lagatar.in/exclusive-in-jharkhand-there-have-been-eight-attempts-to-snatch-weapons-from-the-police-in-the-last-75-days/">EXCLUSIVE

: झारखंड में बीते 75 दिनों में 8 बार पुलिस से हथियार छीनने की कोशिश, कुछ एनकाउंटर में ढेर तो कुछ घायल

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही