Ranchi: किशोरगंज चौक में चार जनवरी की शाम सीएम के काफिले को रोकने का प्रयास किया गया था. इस मामले को लेकर एएसआई सदानंद कुमार के बयान पर 72 नामजद समेत 50 अज्ञात महिला पुरुष सुखदेव नगर थाना में मामला दर्ज हुआ है. इन सभी लोगों के खिलाफ धारा 147,148,149, 152, 153, 186, 189, 290, 323, 307, 353, 341, 342, 333, 504,269, 270, 120B आईपीसी के तहत मामला दर्ज हुआ है. गौरतलब है कि 4 जनवरी को सीएम हेमंत सोरेन का काफिला झारखंड मंत्रालय से लौट रहा था. इसी दौरान किशोरगंज चौक के पास उपद्रवियों के झुंड ने सुनियोजित साजिश के तहत काफिले को निशाना बनाने की कोशिश की थी. हालांकि रांची पुलिस ने सूझबूझ का परिचय देते हुए सीएम के काफिले को रूट डायवर्ट कर दिया था. और सीएम को सुरक्षित मुख्यमंत्री आवास पहुंचाया था. इस गंभीर घटना के कारणों की जांच के लिए जांच समिति का गठन किया गया है. इसे भी पढ़ें-संदर्भ-">https://lagatar.in/reference-attack-on-cms-convoy-at-kishoreganj-chowk-hemants-restraint-is-a-great-compliment/15677/">संदर्भ-
किशोरगंज चौक पर सीएम के काफिले पर हमलाः काबिले तारीफ है हेमंत का संयम
कैबिनेट की बैठक में दो प्रस्तावों को मंजूरी, मुख्यमंत्री बोले- महत्वपूर्ण रही कैबिनेट मिटिंग
किशोरगंज चौक पर सीएम के काफिले पर हमलाः काबिले तारीफ है हेमंत का संयम
मुख्यमंत्री के साथ किसी अप्रिय घटना करने का था प्रयास
सुखदेव नगर थाना में दर्ज किए गए प्राथमिकी में कहा गया है कि मुख्यमंत्री का काफिला प्रोजेक्ट भवन से आवास के लिए आ रहा था. उस समय रास्ते का यातायात सामान्य और सुचारू रूप से चल रहा था. जैसे ही काफिला सहजानंद चौक के आगे बढ़ा की सायरन की आवाज आने लगी. सुखदेव नगर थाना की गाड़ी आगे बढ़ी उसके पीछे गोंदा यातायात थाना प्रभारी की गाड़ी आई. इसी दौरान किशोरगंज चौक के चारों तरफ करीब 100 की संख्या में लोग हाथ में लाठी डंडा लेकर सड़क पर उतर गए. मुख्यमंत्री के काफिले को रोकने का प्रयास करने लगे. गोंदा यातायात थाना प्रभारी अन्य पुलिसकर्मियों के साथ मिलकर भीड़ हटाने लगे लेकिन भीड़ के द्वारा पुलिसकर्मियों पर जानलेवा हमला कर दिया गया जिसमें गोंदा यातायात थाना प्रभारी गंभीर रूप से जख्मी हो गए.आक्रोशित भीड़ के द्वारा मुख्यमंत्री की गाड़ी को भी रोकने का प्रयास किया जा रहा था. जिससे स्पष्ट प्रतीत हो रहा था , कि भीड़ के द्वारा पूर्व सुनियोजित योजना के साथ मुख्यमंत्री के साथ किसी अप्रिय घटना करने का प्रयास किया जा रहा था. इसके बाद भीड़ के द्वारा सड़क के दोनों ओर जाम कर दिया गया. भीड़ यहीं पर नहीं मानी उसके द्वारा सड़क पर ट्रैफिक के नियंत्रण के लिए लगाए गए बैरिकेडिंग तोड़फोड़ किया जाने लगा. आक्रोशित भीड़ के द्वारा लाखों की सरकारी संपत्ति और कई लोगों की निजी संपत्ति को बड़े पैमाने पर नुकसान किया गया है. आक्रोशित भीड़ के द्वारा सड़क पार करने वाले लोगों के साथ भी मारपीट की जाने लगी और आने जाने वाली कार और गाड़ियों को भी तोड़फोड़ किया जाने लगा. जिससे आसपास के क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया था. इसे भी पढ़ें-झारखंड">https://lagatar.in/two-proposals-approved-in-jharkhand-cabinet-meeting-chief-minister-said-cabinet-meeting-is-important/15837/">झारखंडकैबिनेट की बैठक में दो प्रस्तावों को मंजूरी, मुख्यमंत्री बोले- महत्वपूर्ण रही कैबिनेट मिटिंग
Leave a Comment