Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

बोकारो में धूम धाम से मनायी गयी चड़क पूजा, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़

Advertisement
Advertisement
Bokaro : शिव भक्तों के कारनामे देखकर आप दांतों तले अंगुलियां दबा लेंगे. पूरे झारखंड में मनायी जाने वाली चरक पूजा बोकारो में भी धूमधाम से मनायी गयी. जहां शिव भक्तों के हैरतअंगेज कारनामे दिखाये. बोकारो के चास प्रखंड के पुंडरू पंचायत में बड़े ही धूमधाम से चड़क सह भोक्ता पूजा मनायी गयी. इस दौरान शिव भक्तों ने कई करतब दिखाए जहां  कई भक्त अपने पीठ पर कील चुभाकर शिव भगवान को खुश कर रहे थे, तो कोई अपनी जीभ पर कील चुभाकर भगवान के प्रति भक्ति प्रदर्शित कर रहे थे. इसे भी पढ़ें-रांची">https://lagatar.in/ranchi-construction-work-of-lord-jagannaths-chariot-started-with-worship/">रांची

: पूजा-अर्चना के साथ शुरू हुआ भगवान जगन्नाथ के नये रथ का निर्माण कार्य   
चंदनक्यारी नावाडीह फुसरो सहित कई जगहों पर शिवालयों में भक्तों की भीड़ उमड़ी. शिव मंदिर  में भी चरक पूजा धूम धाम से मनायी गयी. इस मौके पर भक्तों द्वारा पीठ पर लोहे की कील चुभोने की प्रथा है. जिन भक्तों की मुराद पूरी होती है वे 2 दिनों का उपवास रखते हैं और उसके बाद पीठ पर किल चुभोकर उसे रस्सी से बांधकर 40 फुट की ऊंचाई पर ऊंची बांस और बल्ली से अपने आपको बांधकर कई चक्कर लगाते हैं. इस दौरान नीचे परिवार के लोग खड़े रहते हैं और भगवान शिव की आराधना में लीन रहते हैं. इसे भी पढ़ें-धनबाद">https://lagatar.in/a-confluence-of-beauty-fashion-and-glamor-happened-in-dhanbad/">धनबाद

में ब्यूटी, फैशन और ग्लैमर का संगम
श्रद्धालु को 40 फुट की ऊंचाई पर कई बार चक्कर लगाने के बाद नीचे उतारा जाता है. इस दौरान भक्तों की काफी भीड़ देखी गयी. कई श्रद्धालु बारी-बारी से घूमते हैं और अपनी मुराद पूरी होने के बाद शिवालयों में प्रसाद और भोग भी चढ़ाते हैं. झारखंड में विशेष तौर पर यह त्यौहार मनाया जाता है.पुरोहितों ने कहा कि यहां कई वर्षों से यह परंपरा चलती आ रही है. जहां पर भक्त अपने शरीर को पीड़ा देते हुए भी शिव की आराधना करते हैं. इस पर्व में एक खासियत यह भी है कि गांव में हिंदू मुस्लिम एक साथ इस पर्व को मनाते हैं और भाईचारे का संदेश देते हैं.   [wpse_comments_template]  

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही