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चाईबासा : 15 भाकपा माओवादी सदस्यों ने पुलिस एवं सीआरपीएफ के समक्ष  किया आत्मसमर्पण

Chaibasa (Sukesh Kumar) : महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड, रांची के निर्देशन में झारखण्ड पुलिस, कोबरा, केरिपु बल, झारखण्ड जगुआर एवं अन्य केन्द्रीय अर्द्ध सैनिक बलों के द्वारा सभी नक्सली संगठनों के खिलाफ चौतरफा कार्रवाई की जा रही है. झारखण्ड को पूरी तरह से नक्सल मुक्त बनाने हेतु मुख्य धारा से भटके हुए नक्सलियों को पुनः मुख्य धारा में वापस लाने के लिए आत्म समर्पण एवं पुनर्वास निति के तहत झारखण्ड पुलिस लगातार कार्य कर रही है, जिसका परिणाम काफी सकरात्मक रहा है. यह बातें कोल्हान के डीआईजी ने गुरुवार को पुलिस लाइन में नक्सलियों के आत्म समर्पण कार्यक्रम के दौरान कहीं. 15 सक्रिय नक्सली ने आत्मसमर्पण किया. इसे भी पढ़ें : धनबाद">https://lagatar.in/sarhuls-joy-in-dhanbad-koylanchal-ssp-played-the-trumpet-in-the-police-line/">धनबाद

कोयलांचल में सरहुल का उल्लास, पुलिस लाइन में एसएसपी ने बजाया मांदर
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alt="" width="600" height="400" /> डीआईजी ने कहा कि अबतक भाकपा (माओ) सहित अन्य प्रतिबंधित नक्सली संगठनों के कई बड़े ईनामी नक्सली कमाण्डरों से लेकर दस्ता सदस्य झारखण्ड पुलिस एवं केन्द्रीय अर्द्ध सैनिक बलों के समक्ष आत्म समर्पण कर चुके है. भाकपा (माओ) संगठन के आंतरिक शोषण, भयादोहन एवं पुलिस की लगातार बढ़ती दबिश के कारण कई नक्सली मुख्य धारा में शामिल हो रहे है. झारखण्ड राज्य को नक्सल मुक्त करने, सुदूर गांवों की जनता में सुरक्षा की भावना जगाने और विकास कार्यों को सुचारु रुप से चलाने के लिए महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक झारखण्ड रांची के निर्देशन में हर एक जिले में जिला बल, केरिपु बल, कोबरा व झारखण्ड जगुआर की सहायता से नक्सलियों के विरुद्ध निरंतर अभियान चलाया जा रहा है. इसे भी पढ़ें : घाटशिला">https://lagatar.in/ghatshila-eid-ul-fitr-prayers-offered-in-various-mosques-of-the-block/">घाटशिला

: प्रखंड के विभिन्न मस्जिदों में अदा की गई ईद उल फितर की नमाज
इसके साथ ही नक्सलियों के लिए आत्म समर्पण नीति के फायदों को भी विभिन्न माध्यमों से नक्सलियों तक पहुँचाने की कोशिश लगातार की जा रही है. इस दौरान कहा कि पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) जिला अन्तर्गत कोल्हान एवं सारंडा क्षेत्र में विगत कुछ वर्षों से प्रतिबंधित संगठन भाकपा (माओवादी) के ईआरबी का संचालन केन्द्रीय समिति सदस्य मिसिर बेसरा, पतिराम मांझी उर्फ अनल, असीम मंडल, सुशांत उर्फ अनमोल, मेहनत उर्फ मोछू, अजय महतो उर्फ बुधराम, पिन्टु लोहरा, अश्विन, कांडे होनहागा एवं सागेन अंगरिया के नेतृत्व में किया जा रहा है. इनके द्वारा विगत वर्षों में इस क्षेत्र में अनेक विध्वंसक घटनाएं कारित की गई है. इनके विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई हेतु झारखण्ड पुलिस, झारखण्ड जगुआर, कोबरा एवं केरिपु बल की संयुक्त बलो का अभियान दल गठित कर लगातार अभियान संचालित किया जा रहा है. पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा जिलान्तर्गत वर्ष 2022 से लगातार संचालित अभियान के फलस्वरूप वर्ष 2022 से अबतक कुल 161 नक्सलियों को गिरफ्तारी कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया है. इसे भी पढ़ें : गिरिडीह">https://lagatar.in/eid-celebrated-with-enthusiasm-in-giridih-district/">गिरिडीह

जिले में उल्लास के साथ मनाई गई ईद  
वर्ष 2022 एवं 2023 में कुल 11 नक्सलियों द्वारा पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण किया गया एवं भारी मात्रा में कुल 375 विस्फोटक, हथियार, कारतूस एवं अन्य दैनिक उपयोग की सामान बरामद किया गया है. साथ ही नक्सलियों का स्थाई कैम्प ईआरबी मुख्यालय, 08-10 अस्थायी कैम्प एवं 15 बंकर ध्वस्त किये है। चाईबासा जिलान्तर्गत उग्रवादी गतिविधि पर अंकुश लगाने हेतु उग्रवाद प्रभावित थाना क्षेत्र में आम जन के मन में उपजे सुरक्षा भाव को संधारित बनाये रखने के लिए कुल 16 नये सुरक्षा कैम्पों का भी अधिष्ठापन किया गया है. इसे भी पढ़ें : पलामू">https://lagatar.in/palamu-mp-bd-ram-visited-two-dozen-villages-of-patan-block-invited-to-come-for-nomination/">पलामू

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इस कड़ी में भाकपा (माओ) संगठन के विरूद्ध संयुक्त बलों के द्वारा लगातार संचालित नक्सल विरोधी अभियान, संगठन के आंतरिक शोषण से क्षुब्ध होकर तथा प्रत्यार्पण एवं पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर भाकपा (माओ) नक्सली संगठन के केन्द्रीय कमेटी सदस्य मिसिर बेसरा उर्फ सागर और पतिराम मांझी उर्फ अनल दा की टीम के सक्रिय एवं मारक दस्ता के सदस्य, कोल्हान् तथा सारंडा के सुदूर जंगल-पहाडी क्षेत्रों के चप्पे-चप्पे की जानकारी रखनेवाले 15 आत्मसमर्पण किए. ये सभी सदस्य पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा जिला के स्थानीय निवासी है और भाकपा (माओ) उग्रवादियों के द्वारा इनको पूर्व में दस्ता में शामिल कराया गया था और इनके आत्मसमर्पण से झारखण्ड राज्य विशेषकर पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा अन्तर्गत माओवादियों की गतिविधि पर अंकुश लगेगा. इसे भी पढ़ें : पलामू">https://lagatar.in/palamu-mp-bd-ram-visited-two-dozen-villages-of-patan-block-invited-to-come-for-nomination/">पलामू

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इन सभी का आत्मसमर्पण स्थानीय भाकपा (माओ) दस्ते के लिए एक बहुत ही करारा प्रहार है. मुख्य रूप से मिसिर बेसरा उर्फ सागर जी और पतिराम मांझी उर्फ अनल दा एवं उनके अन्य शीर्ष नेता जिनके द्वारा स्थानीय लोगों का दोहन किया जाता है, उससे क्षुब्ध होकर भाकपा (माओ) संगठन के कुल 15 सदस्य आत्मसमर्पण कर रहे है, जिसमें से 01 नाबालिक भी शामिल है. मौके पर डीआईजी के अलावा पश्चिमी सिंहभूम के एसपी आशुतोष शहर समेत कई पदाधिकारी उपस्थित थे. इसे भी पढ़ें : बोकारो">https://lagatar.in/bokaro-eid-celebrations-from-city-to-villages-prayers-offered-in-mosques-and-eidgahs/">बोकारो

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इन नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण

नाम     पता प्रधान कोड़ा उर्फ देवेन कोड़ा - टोंटो चंद्रमोहन उर्फ चंद्र आंगरिया - गोइलकेरा पगला गोप उर्फ घासीराम - टोंटो विजय बोइपाई उर्फ अमन बोइपाई - गोइलकेरा गंगाराम पूर्ति उर्फ मोटका पूर्ति - टोंटो बोयो कोड़ा - टोंटो जोगेन कोड़ा - टोंटो बेलोन कोड उर्फ निशा कोड़ा - टोंटो सोनू चांपिया - छोटानागरा रमजा पूर्ति उर्फ डुंगुद पूर्ति - टोंटो सोहन सिंह हेंब्रम उर्फ सीनू - टोंटो डोरन चांपिया उर्फ गोलमय - गोइलकेरा सुशील उर्फ मोंगा चांपिया - छोटानागरा मनी चांपिया - छोटानागरा इसे भी पढ़ें : धनबाद">https://lagatar.in/sarhuls-joy-in-dhanbad-koylanchal-ssp-played-the-trumpet-in-the-police-line/">धनबाद

कोयलांचल में सरहुल का उल्लास, पुलिस लाइन में एसएसपी ने बजाया मांदर

सरहुल पर्व हमें प्रकृति व संस्कृति से जोड़े रखती : मंत्री

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alt="" width="600" height="400" /> Chaibasa (Sukesh Kumar) : आदिवासी उरांव सरहुल पूजा समिति की ओर से मेरीटोला में गुरुवार को हर्षोल्लास के साथ प्रकृति पर्व सरहुल मनाया गया. मौके पर मुख्य अतिथि के रुप में मंत्री दीपक बिरुवा उपस्थित होकर सरहुल शोभा यात्रा का शुभारंभ किया. मौके पर मंत्री ने क्षेत्र की सुख, शांति, समृद्धि, हरियाली, अच्छी फसल व वैश्विक महामारी से बचाव के लिए मंगलकामना की. कहा कि यह परंपरा पूर्वजों के जमाने से चली आ रही है. इस परंपरा को उत्सव रूप में मनाकर नई पीढी के लोगों को सरहुल व पर्यावरण का महत्व बताना है. आदिवासी समुदाय के लोगों का प्रकृति से प्रेम व अटूट रिश्ता होने के कारण ही पर्यावरण व संस्कृति को अब तक सहेज कर रखा गया है. इसे भी पढ़ें : धनबाद">https://lagatar.in/sarhuls-joy-in-dhanbad-koylanchal-ssp-played-the-trumpet-in-the-police-line/">धनबाद

कोयलांचल में सरहुल का उल्लास, पुलिस लाइन में एसएसपी ने बजाया मांदर
हम सभी को वातावरण की शुद्धता के लिए पेड़-पौधे लगाना होगा. हमारा जीवन प्रकृति से जुड़ा हुआ है. यह पर्व हमें प्रकृति व संस्कृति से जोड़े रखती है. वहीं समाज की पुरुष-महिलाएं व युवतियां परंपरागत वेशभूषा में सरहुल महोत्सव में शामिल हुए. अंत में मंत्री ने सरहुल शोभा यात्रा का नगाड़ा बजाकर शुभारंभ किया. इसके पूर्व आयोजन समिति की ओर से मुख्य अतिथि समेत अन्य अतिथियों को पगड़ी पहनाकर, अंग वस्त्र एवं पौधा देकर सम्मानित किया. मौके पर सांसद गीता कोड़ा, पूर्व मंत्री बड़कुंवर गागराई, समाजसेवी नितिन प्रकाश, सुभाष बनर्जी समेत कई उपस्थित थे. इसे भी पढ़ें : रामगढ़">https://lagatar.in/ramgarh-car-collides-with-a-parked-truck-one-dead-three-serious/">रामगढ़

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चक्रधरपुर : धूमधाम के साथ मनाया गया प्रकृति का पर्व सरहुल

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alt="" width="600" height="400" /> Chakradharpur (Shambhu Kumar) : प्रकृति पर्व सरहुल चक्रधरपुर में धूमधाम से मनाया गया. गुरुवार को चक्रधरपुर सहित आसपास क्षेत्र के सरना स्थलों पर विधिवत पूजा अर्चना कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की गई.चक्रधरपुर के वनमालीपुर स्थित पेलो टुंगरी स्थित सरना स्थल, टेबुल लाईन स्थित सरना स्थल पर पूजा अर्चना के लिए लोगों का जुटान हुआ. वहीं सरना स्थल व आसपास क्षेत्र में सरना झंडा लगाकर सजाया गया था. मौके पर  पुराने विधि-विधान के तहत पुजारी ने क्षेत्र में खुशहाली, हरीयाली की भविष्यवाणी की. परंपरा के अनुसार इस पर्व के बाद लोग खेतीबाड़ी में जुट जाते है.इस मौके पर समिति के सदस्यों ने बताया कि चैत्र महीने में होने वाले सरहुल पर्व के दौरान प्रकृति की पूजा होती है. जहां प्रकृति का संतुलन बना रहे, अच्छी बारिश हो इत्यादि की कामना की जाती है. इस मौके पर पाहन सोमरा टोप्पो, गणेश मिंज, राम खलखो, जीतू कच्छप, खुदिया कुजूर, बुद्धदेव बरहा, बबलू लकड़ा समेत सरना समिति के अन्य सदस्य व बड़ी संख्या में सरना समाज के लोग मौजूद थे. इसे भी पढ़ें : रामगढ़">https://lagatar.in/ramgarh-car-collides-with-a-parked-truck-one-dead-three-serious/">रामगढ़

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निकाली गई शोभा यात्रा, जमकर उड़े अबीर-गुलाल

सरहुल पर्व के अवसर पर वनमालीपुर स्थित पेलो टुंगरी सरना स्थल से गुरुवार शाम उरांव सरना समिति की ओर से विशाल शोभा यात्रा निकाली गई.जिसमें बड़ी संख्या में सरना समाज के महिला-पुरूष शामिल हुये.इस शोभा यात्रा के दौरान लोगों ने एक दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर सरहुल की बधाई दी.वहीं लोग हाथों में सरना झंडा लिये हुये मांदर व ढोल की धून पर पारंपरिक गीत गाते हुये थिरकते हुये चल रहे थे.जहां मुख्य रुप से चक्रधरपुर के विधायक सुखराम उरांव के पुत्र सह गुरुजी आर्शीवाद योजना के अध्यक्ष सन्नी उरांव भी शामिल हुये.जहां उन्होंने सभी को प्रकृति पर्व सरहुल की बधाई दी. विधि व्यवस्था को लेकर थाना प्रभारी राजीव रंजन के साथ पुलिस जवान मौजूद थे.शोभा यात्रा वनमालीपुर से निकलकर टोकलो रोड, भगत सिंह चौक, रांची-चाईबासा मुख्य मार्ग, पोर्टरखोली, लोको कॉलोनी होते हुये टेबुल लाईन स्थित सरना स्थल पहुंची.इस मौके पर उरांव सरना समिति के सभी सदस्यों के अलावे बड़ी संख्या में महिला-पुरुष मौजूद थे. इसे भी पढ़ें : रामगढ़">https://lagatar.in/ramgarh-car-collides-with-a-parked-truck-one-dead-three-serious/">रामगढ़

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