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पुलिस के प्रति लोगों का बढ़ा विश्वास
जेटेया थाना प्रभारी विपिन कुमार महतो ने कहा कि पहले की तुलना में अब लोगों का डर पूरी तरह से खत्म हो चुका है. यहां के लोग किसी तरह की घटना होने पर शिकायत लेकर थाना पहुंचते हैं, जिनका समाधान भी किया जाता है. आम जनता के साथ पुलिस की मित्रता बढ़ी है. ग्रामीणों के साथ मिलकर विभिन्न तरह के खेल का भी आयोजन किया जाता है. अब पुलिस के प्रति लोगों का विश्वास बढ़ा है.थाना निर्माण का हुआ था विरोध
जगन्नाथपुर से अलग होकर जेटेया थाना बनाने के लिए गांव में जमीन चिन्हित करने के बाद निर्माण कार्य शुरू हो चुका था. लेकिन उस वक्त नक्सलियों का वर्चस्व इतना अधिक था कि ग्रामीणों को आगे कर थाना निर्माण का विरोध तक कराया गया. लेकिन इससे सफलता प्राप्त नहीं हुई. कई दिनों तक कार्य बाधित रहा. लेकिन भारी सुरक्षा बल की तैनाती कर निर्माण कार्य पूरा कराया गया. आखिरकार कुछ सालों के बाद निर्माण कार्य पूर्ण हुआ और वर्ष 2021 में थाना का उद्घाटन भी हो गया. इसे भी पढ़ें : आदित्यपुर">https://lagatar.in/adityapur-blast-in-kandras-amalgam-steel-furniture-no-casualties/">आदित्यपुर: कांड्रा के अमलगम स्टील के फर्नेश में ब्लास्ट, कोई हताहत नहीं
सड़क नहीं होने से लोगों को होती है परेशानी
[caption id="attachment_670649" align="aligncenter" width="600"]alt="" width="600" height="400" /> थाना तक पहुंचने के लिए नहीं बनी सड़क[/caption] जेटेया थाना पश्चिम सिंहभूम जिला का एक ऐसा थाना है जहां तक पहुंचने के लिए सड़क तक नहीं है. यहां बारिश के दिनों में रास्ता पूरी तरह से बंद हो जाता है. जगन्नाथपुर विधानसभा क्षेत्र में जेटेया थाना स्थित है. प्रदेश कांग्रेस कमेटी की कार्यकारी अध्यक्ष व सांसद गीता कोड़ा व पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा का क्षेत्र होने के बावजूद भी यहां की सड़क पूरी तरह से जर्जर स्थिति में है. विधायक फंड के तहत ग्रामीण क्षेत्रों की सड़क का निर्माण कराया जा सकता है लेकिन विधायक सोनाराम सिंकू भी इस पर गंभीर नहीं है. जगन्नाथपुर विधायक क्षेत्र में एनएच को छोड़ कर बाकी ग्रामीण क्षेत्र की अधिकतर सड़कें पूरी तरह से जर्जर हो चुकी है. ------------------------- जेटिया थाना नक्सल प्रभावित क्षेत्र के रूप में चिन्हित है. लेकिन अब यहां की आम जनता को पुलिस के प्रति विश्वास बन चुका है. एक समय लोगों को नक्सलियों का भय बना रहता था. लेकिन अब ग्रामीण भयमुक्त हो गये है. लोग हर तरह की समस्या लेकर थाना पहुंच रहे है, जो एक उपलब्धि है. लगातार पुलिस व ग्रामीणों के साथ संवाद सही बनाने का प्रयास किया जा रहा है. अशुतोष शेखर, एसपी, पश्चिम सिंहभूम [wpse_comments_template]
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