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चाईबासा : अपनी मेहनत के बदौलत जेम्स बने सफल किसान, तीन साल पहले लीज पर लेकर शुरू की थी खेती

Chaibasa (Ramendra Kumar Sinha) : सदर प्रखंड के नरसंडा पंचायत के परम पंचो गांव के रहने वाले युवा कृषक जेम्स हेम्ब्रम अपने श्रम के बदौलत आज सब्जी उत्पादन कर एक सफल कृषक की कतार में खडे़ हो गये हैं. मात्र तीन साल पहले उन्होंने अपने जमीन के पास रोड के दुसरे तरफ एक उसर भूमि को लीज पर लेकर खेती करना शुरू किया था. हलांकि, दुसरे वर्ष कोविड के कारण उन्हें सब्जियों को बेचने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा. लेकिन उनकी मेहनत से 2020 में उनका बाजार अच्छा निकल गया और आज वे सफल कृषक के कतार में खडे़ हैं. इसे भी पढ़े : चाईबासा">https://lagatar.in/chaibasa-peoples-representatives-inspected-the-water-tower-of-matkamahatu/">चाईबासा

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सरकार के सहयोग से लगवाया सोलर पंप

[caption id="attachment_347791" align="aligncenter" width="300"]https://lagatar.in/wp-content/uploads/2022/07/chaibasa-sadar-prakhand-1-300x200.jpg"

alt="" width="300" height="200" /> सब्जियों को धोने के लिये पंप से पानी निकालती सुनीता सिंह कुंटिया.[/caption] जेम्स ने सब्जियों को समय-समय पर पानी देने के लिये सरकार के सहयोग से सोलर पंप लगवाया है, जिससे इस विरान जगह पर भी उन्हें पानी पटाने में कोई समस्या नहीं होती है. अभी वर्तमान में उन्होंने अपने खाली जगहों पर जो सब्जी लगाया है, पंप से कम समय में उसे पटा कर समय की बचत भी कर लेते हैं. जेम्स वर्तमान में 1.5 एकड़ भूमि पर सब्जियों की खेती कर रहे हैं, जिसमें अभी आधे में उन्होंने गोभी लगाया है और आधे में नेनुआ, भिंडी व करैला. तीनों सब्जियों को अलग-अलग दिनों में तोड़ कर उसे चाईबासा में शाम को लगने वाले मधु बाजार में लाकर बेचते है. इसमें उनका श्रम तो लगता है, लेकिन जो भी मुनाफा होता है वह उनका ही होता है. इसे भी पढ़े : भोपाल">https://lagatar.in/bhopal-dabangs-set-tribal-woman-on-fire-video-made-of-victim-groaning-in-pain-viral-in-social-media/">भोपाल

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उनकी पत्नी खेती में करती है पूरा सहयोग

वहीं, इस कार्य में उनकी पत्नी सुनीता सिंह कुन्टिया पुरा सहयोग करती हैं. सब्जी को तोड़ने से लेकर बाजार ले जाने तक वह जेम्स की पूरी सहायता करती हैं. उन्होंने बताया कि वह बीए पास हैं और नौकरी के लिये भटकने से अच्छा था कि वह स्वरोजगार करें. विदित हो कि उन्होंने कम पैसे में अपने इस रोजगार को शुरू किया और जैसे-जैसे पैसा आया अपने रोजगार को बढ़ाया और आज हर दिन बाजार में जाकर वह सब्जियों को बेचते हैं. इसे भी पढ़े : चाकुलिया">https://lagatar.in/chakulia-youth-dies-after-being-hit-by-unknown-vehicle/">चाकुलिया

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