Search

चाईबासा : झीमड़ी छोटे मत्स्य पालकों के लिए बना कमाई का जरिया

Chaibasa(ramendra Kumar Sinha) : चाईबासा के ग्रामीण क्षेत्र के छोटे मत्स्य पालकों के लिए झीमड़ी (मछली पकड़ने वाली जाल) छोटी मछलियों के पकड़ने का बड़ा साधन है. जहां भी पानी के स्रोत हैं इसे लगा देने के बाद मछलियां इसमें फंस जाती हैं और मत्स्य पालक इसे पकड़ कर बाजार में बेचते हैं. बाजार में इनकी मांग अन्य मछलियों की तुलना में ज्यादा है. इससे मत्स्य पालकों को एक निश्चित आय प्राप्त हो जाती है. बड़ी बात यह है कि इसे खरीदने बंगाल के पूरलिया और बांकुड़ा से व्यापारी आते हैं और तोलमोल कर इसकी खरीदारी करते हैं. पंचो गांव से आने वाले विक्रेता पवन कालिंदी ने बताया इसके सौ पीस बनाने में पांच हजार की लागत आती है और बिकता है 55 सौ में. जबकि इसे बनाने में घर के सभी लोग मिलकर इसे तैयार करते है तब जाकर एक सप्ताह में 100 पीस तैयार हो पाता है .आय का साधन नहीं होने के कारण इस कार्य को करना पड़ता है, क्योंकि हमारे समाज में इसकी बिक्री की परंपरा चली आ रही है. इसे भी पढ़ें :आदित्यपुर">https://lagatar.in/adityapur-high-price-of-liquor-is-being-taken-in-government-shops-cash-memo-is-also-not-given/">आदित्यपुर

: सरकारी दुकानों में ली जा रही है शराब की अधिक कीमत, कैश मेमो भी नहीं दी जाती
[wpse_comments_template] mangala hat me sarak ke kinare jhumri ke khridari krte wapari

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp