Search

चाईबासा : पशुपालन के माध्यम से आय बढ़ा रहे ग्रामीण

Chaibasa (Ramendra kumar sinha) : जिले के ग्रामीणों की अर्थव्यवस्था खेती बारी के अलावा पशुपालन पर ज्यादा निर्भर करता है. इसमें मुर्गा-मुर्गी, बत्तख सहित अनेक उत्पाद और छोटे-छोटे बकरियां भी शामिल है. जिन पर ग्रामीणों की अर्थव्यवस्था बहुत हद तक निर्भर करती है. ग्रामीण हर मंगलवार को अपने मुर्गा-मुर्गी बत्तख और उनके अंडे बेचकर आमदनी बढ़ा रहे हैं. ग्रामीण बकरियों को लेकर बेचने के लिए मंगला हाट आते हैं. इसका उन्हें अच्छा पैसा भी मिल जाता है. विक्रेताओं के लिए मंगला हाट में एक बड़ा सा मैदान है. यहां पर सभी एकत्र होते हैं और क्रेता और विक्रेता अपने आपस ही सामंजस्य के आधार पर इसकी खरीद-बिक्री करते हैं. देखने में तो यह एक ग्रामीण परिवेश की तरह प्रतीत होता है. इसे भी पढ़ें :चांडिल">https://lagatar.in/chandil-two-sand-laden-highways-seized-in-chowka-police-station-area-both-have-the-same-number-plate/">चांडिल

: चौका थाना क्षेत्र में बालू लदे दो हाइवा जब्त, दोनों पर लगा है एक ही नंबर प्लेट
[wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp