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चैती छठः व्रतियों ने दिया डूबते सूर्य को अर्घ्य

 
Ranchi: सूर्योपासना के पावन चैत्र छठ व्रत-अनुष्ठान के तीसरे दिन रविवार को व्रतियों संग हजारों श्रद्धालुओं ने सूर्य देव को अर्घ्य अर्पित कर मनोवांछित फल प्रदान करने की कामनाएं की. किसी ने पुत्र तो किसी ने रोग-शोक, दुखों से शांति और समृद्धि का वर मांगा. हटनिया तालाब, बड़ा तालाब, कांके डैम, डोरंडा स्थित बटम तालाब, धुर्वा डैम, चुटिया स्थित तालाब सहित शहर के अन्य जलाशयों में दिन के तीन बजे से ही व्रतियों और श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा. हाथों और माथे पर पूजन सामग्री और फल उठाए परिजन-इष्ट मित्रों संग व्रती, कांच ही बास के बहंगिया बहंगी लचकत जाये...जैसे छठी मइया के गीत गाते हुए छठ घाट पहुंचे. इसके बाद स्नान-ध्यान कर सूर्य देव का ध्यान किया. फिर सूप-दउरा आदि में रखी पूजन सामग्री और फल को इंगित कर सूर्य देव को जल और दूध से अर्घ्य अर्पित किया गया. माना जाता है कि इससे असाध्य रोगों से मुक्ति मिलती है. भगवान सूर्य और छठी मइया सभी मनोकामनाएं पूरी करते हैं. इसी भाव को आत्मसात कर बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस व्रत को धारण करते हैं या फिर किसी-न-किसी रूप में इसमें अपनी भागीदारी निभाते हैं. अब सोमवार को चार दिनी छठ महापर्व उदीयमान सूर्य को अर्घ्य अर्पण के साथ संपन्न हो जाएगा. इस दिन सूर्योदय 05:47 बजे होगा.

सपत्नीक अर्घ्य देने पहुंचे एसएसपी

हटनिया तालाब में बड़ी संख्या में व्रति और श्रद्धालुओं संग एसएसपी चंदन कुमार सिन्हा ने भी सपत्नीक अस्ताचलगामी सूर्य देव के अर्घ्य अर्पण को पहुंचे. फूलों और केले के पौधों से सजे घाट में नेम-निष्ठा के साथ अर्घ्य अर्पित कर मंगल कामनाएं की. आराधना को जब पत्नी तालाब में उतरी तो एसएसपी ने यादगार लम्हें को फोटोग्राफी कर सहेजा.

विभिन्न समितियों ने लगाया सेवा शिविर

भारतीय यूथ संगठन महाछठ पूजा समिति, हटनिया तालाब 1993 से सेवा शिविर लगा दोनो छठ महापर्व पर सेवा दे रही है. इस बार भी समिति के पदाधिकारियों और सदस्यों ने शिविर लगा व्रति और श्रद्धालुओं को हरसंभव सहयोग दिया. लाइट-बत्ती आदि की व्यवस्था करने के साथ व्रति और श्रद्धालुओं के बीच फल-फूल आदि का वितरण किया. हिंदू जागरण मंच के सुजित कुमार ने भी फलादि का वितरण किया. अन्य छठ घाटों पर विभिन्न समितियों द्वारा व्रतियों के बीच फल, दूध आदि का वितरण किया गया. [wpse_comments_template]
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