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नदी को पवित्र व साफ रखने के लिए जागरूक होंगे लोग
[caption id="attachment_531824" align="aligncenter" width="300"]alt="" width="300" height="173" /> जयदा में नदी पूजन करते श्रद्धालु.[/caption] जयदा मंदिर के महंत केशवानंद सरस्वती ने कहा कि इस प्रकार के अनुष्ठान से लोगों के बीच नदी को साफ व पवित्र रखने के लिए जागरुकता आएगी. लोगों के बीच नदियों के महत्व की जानकारी पहुंचेगी. उन्होंने कहा कि सुवर्णरेखा नदी मोक्षदायिनी नदी है. झारखंड से निकलने वाला सुवर्णरेखा नदी सीधे महासागर में मिलती है. इसी नदी के बालू से अब भी सोने के कण मिलते हैं. सुवर्णरेखा नदी लोगों के पेट भरने का भी काम करती है. मौके पर बुद्धा अकेडमी के निर्देशक कृष्णा बेहरा ने बताया कि इस तरह के कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों में जागरूकता अभियान चलाना व नदियों के महत्व को बताना है. उन्होंने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम आने वाले समय में भी किया जाएगा. इसे भी पढ़ें :मुकेश">https://lagatar.in/engagement-of-mukesh-ambanis-younger-son-anant-ambani-and-radhika-these-bollywood-stars-attended/">मुकेश
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