Search

चांडिल : अनिश्चितकालीन धरना से नहीं बनी बात, अब राजभवन के समक्ष अनशन करेंगे विस्थापित

Chandil (Dilip Kumar)चांडिल डैम के विस्थापित अब अपनी समस्याओं को लेकर राजभवन के समक्ष आमरण अनशन करेंगे. अखिल झारखंड विस्थापित अधिकार मंच के बैनर तले राजभवन के समक्ष 30 अक्टूबर से आमरण अनशन शुरू किया जाएगा. मंच के बैनर तले विस्थापित चांडिल डैम के अधीक्षण अभियंता के पुराने कार्यालय भवन के समक्ष 16 जून से अनिश्चितकालीन धरना पर बैठे थे, जिसमें किसी प्रकार का नतीजा नहीं निकला है. धरना से असर नहीं होने पर मंच ने 122वें दिन अनिश्चितकालीन धरना को समाप्त करने की घोषणा की. इसे भी पढ़ें : आचार">https://lagatar.in/relief-to-cm-hemant-hc-stays-action-of-lower-court/">आचार

संहिता उल्लंघन मामला : सीएम हेमंत को HC से राहत, निचली अदालत की कार्रवाई पर लगी रोक

आमरण अनशन पर बैठने का लिया निर्णय

अखिल झारखंड विस्थापित अधिकार मंच के अध्यक्ष राकेश रंजन महतो ने बताया कि 16 जून से चल रहे 122वें दिन का अनिश्चितकालीन धरना सर्वसम्मति से समाप्त किया गया. लगातार चरणबद्ध तरीके से आंदोलन करने के बावजूद विस्थापितों की समस्याओं के समाधान के प्रति किसी प्रकार की कार्रवाई शुरू नहीं की गई. सरकार और पदाधिकारियों को विस्थापितों के दुख दर्द से कोई लेना-देना नहीं है. सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 30 अक्टूबर से राजभवन रांची के समक्ष 84 मौजा 116 गांव के विस्थापित आमरण अनशन पर बैठेंगे. इसे भी पढ़ें : नोवामुंडी">https://lagatar.in/noamundi-women-worshiped-mother-chandraghanta-on-the-third-day-of-navratri/">नोवामुंडी

: दुर्गा मंडप में महिलाओं ने मां चंद्रघंटा की पूजा-अर्चना की 

राजभवन तक की थी पदयात्रा

अखिल झारखंड विस्थापित अधिकार मंच के बैनर तले विस्थापित एक अक्टूबर से चांडिल धरनास्थल से पदयात्रा शुरू कर तीन अक्टूबर को रांची राजभवन पहुंचे थे. राजभवन से चार दिन के बाद वार्ता का समय देने की बात कही गई थी, लेकिन विस्थापितों को अब तक समय नहीं दिया गया. इसलिए 30 अक्टूबर को नामकुम रेलवे स्टेशन से पदयात्रा करते हुए राजभवन पहुंचकर सभी विस्थापित सकारात्मक वार्ता ना होने तक आमरण अनशन पर बैठेंगे. मंच का प्रतिनिधिमंडल मांगों को लेकर सांसद व विधायक से भी मिल चुके हैं. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp