Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

चांडिल : बांहुड़ा रथ यात्रा की तैयारी पूरी, नागा संन्यासी निकालते हैं रथ यात्रा

[caption id="attachment_352649" align="aligncenter" width="360"]https://lagatar.in/wp-content/uploads/2022/07/Chandil-Rath-Yatra-Naga-360x504.jpg"

alt="" width="360" height="504" /> रथयात्रा की तैयारी पूरी.[/caption] Chandil (Dilip Kumar) : चांडिल में शनिवार दोपहर बाद बांहुड़ा रथ यात्रा निकाली जाएगी. बांहुड़ा रथ यात्रा को लेकर सारी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं. महाप्रभु जगन्नाथ अपने बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ मौसीबाड़ी से अपने निवास स्थान श्रीमंदिर शाम में लौट आएंगे. स्नान पूर्णिमा के दिन 108 घड़े के पानी से स्नान करने के बाद महाप्रभु बीमार पड़ गए थे. बीमारी के दौरान वे 14 दिनों तक एकांतवास में रहे. ठीक होने के बाद महाप्रभु अपने भाई व बहन के साथ रथ पर सवार होकर मौसीबाड़ी गए थे. एक सप्ताह तक मौसीबाड़ी में रहने के बाद शनिवार की शाम श्रीमंदिर लौटेंगे. चांडिल में श्रीसाधु बांध मठिया मठ से रथ यात्रा निकाली जाती है. चांडिल-धनबाद राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 32 के रास्ते रथ यात्रा चांडिल स्टेशन स्थित मौसीबाड़ी तक जाती है. रथ यात्रा की वापसी भी इसी रास्ते धूमधाम से होगी. इसे भी पढ़ें : मंत्रीजी,">https://lagatar.in/minister-get-them-money-in-bad-times-the-government-and-kovid-had-come-in-handy-for-the-patients/">मंत्रीजी,

इनको पैसा दिलवा दीजिए, बुरे वक्त में सरकार और कोविड मरीजों के काम आये थे

अंग्रेजों के जमाने से निकाली जाती है रथ यात्रा

चांडिल में अंग्रेजों के जमाने से ही रथ यात्रा का त्याेहार मनाया जाता है. यहां नागा संन्यासी तीन अलग-अलग रथों से महाप्रभु जगन्नाथ, बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा को मौसीबाड़ी पहुंचाते हैं. पहले यहां भी एक ही रथ पर बैठाकर तीनों विग्रहों को मौसीबाड़ी पहुंचाया जाता था. 1980 से यहां तीन अलग-अलग रथ चलाने की परंपरा शुरू हुई. फिलहाल जूना अखाड़ा के अंतरराष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री महंत विद्यानंद सरस्वती की अगुवाई में रथ यात्रा निकाली जाती है. श्री महंत विद्यानंद सरस्वती ने रथों की मरम्मत करवाने के साथ एक रथ को लोहे का बनवाया है. लाेहे के रथ में स्टीयरिंग भी है. आने वाले दिनों में सभी रथों को सुविधानुसार बनाने की प्रक्रिया शुरू होगी. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही