Search

चांडिल : ईचागढ़ में विकास से वंचित है जनता का विकास करने वाला मुख्यालय

Chandil (Dilip Kumar) : जिनके कंधे पर विकास का दारोमदार वहीं विकास से वंचित हैं. लोगों को सभी प्रकार की मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने वाले ही धरातल पर समस्याओं का सामना कर रहे हैं. विकास कr वास्तविक स्थिति देखनी हो तो ईचागढ़ प्रखंड मुख्यालय आकर देखें. सरायकेला-खरसावां जिले के ईचागढ़ प्रखंड में विकास कार्यों को बड़े-बड़े पैमानों पर मापा जाता है. विकास हुआ भी है, लेकिन कुछ खामियों के कारण विकास कार्य लोगों के लिए परेशानी का सबब बन जाता है. ऐसा ही कुछ नजारा ईचागढ़ प्रखंड मुख्यालय का है. बरसात के दौरान विकास कार्यों की खामियां दिख ही जाती हैं. चौका-पातकुम सड़क से प्रखंड मुख्यालय जाने वाली सड़क पर जल निकासी की सुविधा नहीं रहने के कारण सड़क पर जल जमाव की समस्या है. इसे भी पढ़ें : जीएम,">https://lagatar.in/government-strict-to-stop-illegal-transfer-of-gm-forest-cnt-land/">जीएम,

फॉरेस्ट, CNT लैंड के अवैध हस्तांतरण रोकने को लेकर सरकार सख्त

आधा घंटा की बारिश में सड़क बना तालाब

शुक्रवार की दोपहर को हुई महज आधे घंटे की बारिश में ही सड़क तालाब में तब्दील हो गया. जिससे लोगों को प्रखंड मुख्यालय तक आने-जाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा. प्रखंड मुख्यालय के प्रवेश द्वार पर ही सड़क पर जल जमाव लोगों के लिए परेशानी का सबब बन गया है. सड़क पर घुटनाभर जल जमाव होने से लोगों को कपड़े समेटकर आवागमन करना पड़ा. इतने में समस्या खत्म नहीं होती है. प्रखंड मुख्यालय तक पहुंचने में लोगों को आगे भी परेशानी का सामना करना पड़ता है. प्रखंड मुख्यालय परिसर में पीसीसी सड़क तो बनी है, लेकिन प्रखंड कार्यालय का पहुंच पथ अब तक कच्चा ही है. कार्यालय से पदाधिकारियों के आवास तक जाने वाली सड़क भी अब तक पक्की नहीं की जा सकी है. जिन पर पूरे प्रखंड क्षेत्र के विकास की जिम्मदारी है, वे ही आवास से कार्यालय तक कच्ची सड़क पर जाते हैं. चौका-पातकुम सड़क से प्रखंड मुख्यालय तक और आवास से कार्यालय जाने वाली सड़क की दुर्दशा ही विकास की गाथा को बयां कर रही है. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp