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चांडिल : साढ़े 10 लाख रुपये मुआवजा दिए जाने की सहमति के बाद कामगारों का आंदोलन समाप्त

Chandil (Dilip Kumar) : चांडिल अनुमंडल क्षेत्र अंतर्गत हुमिद स्थित वनराज स्टील (बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड) कंपनी में कार्य के दौरान इलेक्ट्रिशियन लखीराम मार्डी की हुई मौत मामले में उनके आश्रितों को कंपनी प्रबंधन की ओर से मृतक के आश्रितों को साढ़े दस लाख का मुआवजा दिया जाएगा. इसके अलावा इएसआईसी, पीएफ व अन्य योजनाओं से मिलने वाली राशि भी दिलाई जाएगी. शुक्रवार को कंपनी गेट के पास हुई वार्ता में इस आशय का निर्णय लिया गया. बताया गया कि गुरुवार को कंपनी में कार्य करने के दौरान इलेक्ट्रिशियन लखीराम मार्डी को बिजली का झटका लगा था. करंट लगने के बाद कंपनी प्रबंधन उसे इलाज के लिए टीएमएच ले गई. जहां जांचोपरांत चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया था. इसे भी पढ़ें : चक्रधरपुर">https://lagatar.in/chakradharpur-work-should-be-given-to-job-card-holders-in-each-panchayat-under-mnrega-bdo/">चक्रधरपुर

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शुक्रवार को सुबह मजदूरों ने किया गेट जाम

[caption id="attachment_622323" align="aligncenter" width="600"]https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/04/Chandil-Labour-Hangama-1.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> चारो ओर पानी से घिरा ट्रांसफार्मर.[/caption] काम के दौरान हुई दुर्घटना में इलेक्ट्रिशियन लखीराम मार्डी की मृत्यु के बाद आक्रोशित मजदूरों ने शुक्रवार की सुबह मुआवजा की मांग पर कंपनी का मुख्य गेट जाम कर दिया. कंपनी का गेट जाम किए जाने की सूचना मिलने के बाद क्षेत्र की विधायक सविता महतो, अनुमंडल पदाधिकारी रंजीत लोहरा, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी संजय कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के मामा गुरुचरण किस्कू, झामुमो नेता सुखराम हेंब्रम आदि कंपनी गेट के सामने पहुंचे. इसके बाद मृतक के आश्रितों को 20 लाख रुपया मुआवजा, एक स्थायी नौकरी, बच्चों का निःशुल्क शिक्षा समेत अन्य मांगों को लेकर कंपनी प्रबंधन, पुलिस-प्रशासन और आंदोलनकारियों के बीच वार्ता शुरू हुई. वार्ता में कंपनी प्रबंधन की ओर से आरके शर्मा, एसके सिंह, चंद्रभूषण शर्मा आदि शामिल थे. इस दौरान कंपनी की ओर से झुठा जानकारी देने के कारण कई बार मजदूर आक्रोशित हो उठे. तकरीबन डेढ़ घंटे तक वार्ता चली, इस दौरान कुछ मजदूरों ने प्रबंधन को खूब खरी खोटी सुनाई, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े किए और प्रबंधन द्वारा लापरवाही बरतने का आरोप लगाया. इसे भी पढ़ें : बालू">https://lagatar.in/the-government-should-remove-the-shortage-of-sand-otherwise-there-will-be-a-protest-in-daltonganj-binu-singh/">बालू

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मृतक की पत्नी को मिलेगा साढ़े 18 हजार रुपये पेंशन

[caption id="attachment_622325" align="aligncenter" width="600"]https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/04/Chandil-Labour-Hangama-2.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> कंट्रोल रूम के अंदर जमा पानी.[/caption] मृतक के परिजनों को कंपनी प्रबंधन की ओर से साढ़े दस लाख रुपये दिया जाएगा. बाकि रुपये ईएसआइसी, पीएफ व अन्य योजनाओं से मिलेगा. कंपनी प्रबंधन की ओर से बताया गया कि बच्चों को शिक्षा ग्रहण करने के लिए आधी फीस देनी होगी. वहीं मृतक की पत्नी को साढ़े 18 हजार रुपये प्रतिमाह पीएफ-ईएसआईसी की ओर से पेंशन मिलेगा. कंपनी प्रबंधन की ओर से मृतक के श्राद्ध कर्म के लिए एक लाख रुपये दिए जाएंगे. वहीं मजदूरों ने इस बात को लिखित रूप से देने की मांग की. इसके साथ ही उपस्थित मजदूरों ने कंपनी में कामगारों की सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने की मांग की. मजदूरों को सुरक्षा उपकरणों के साथ कंपनी के जर्जर व पुरानी चीजों को बदलने की मांग की. इसके साथ ही कंपनी में प्राथमिक उपचार की व्यवस्था करने के साथ सभी आवश्यक संसाधनों से युक्त एंबुलेंस उपलब्ध कराने की मांग की है. इसे भी पढ़ें : चाईबासा">https://lagatar.in/chaibasa-marwari-yuva-manch-organizes-health-checkup-camp/">चाईबासा

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सुरक्षा उपकरण मांगने पर काम से हटाने की दी जाती थी धमकी

वार्ता के बाद जब कंपनी प्रबंधन के लोग कंपनी के मुख्य गेट पर प्रवेश कर रहे थे, इसी दौरान कामगारों ने हंगामा शुरू कर दिया. मजदूरों का कहना था कि जब घटना कंपनी के अंदर हुई हैं तो वार्ता किसी प्रशासनिक अधिकारी के कार्यालय या कंपनी परिसर में होना चाहिए थी लेकिन कंपनी गेट के बाहर बरगद पेड़ के नीचे क्यों किया गया. वार्ता में सभी कामगारों को क्यों नहीं बुलाया गया. हंगामे के बीच मजदूरों ने कहा कि वार्ता में केवल मुआवजे पर ही क्यों बात हुई, साथ ही मौत के कारणों पर भी चर्चा होनी चाहिए थी. आखिर क्यों नहीं मौत के कारण को लेकर प्रशासन किसी तरह की कार्रवाई कर रही है. हंगामा करने के बाद मजदूरों ने कंपनी प्रबंधन के आरके शर्मा को जबरन ले जाकर वह जगह दिखाई, जहां इलेक्ट्रीशियन लखीराम मार्डी की मौत हुई थी. वहां का दृश्य वाकई बहुत ही खतरनाक है. 11 हजार वोल्टेज का ट्रांसफार्मर जलमग्न है, जिसमें करंट दौड़ रही है. जिस कमरे में इलेक्ट्रीशियन लखीराम मार्डी की मौत हुई, उस कमरे में भी पानी जमा हुआ है, कमरे में अंधेरा छाया हुआ है. मजदूरों ने बताया कि प्रबंधन के लोगों से लाइट की व्यवस्था करने की मांग करने पर वे मोबाइल के लाइट पर काम करने को कहते हैं. सेफ्टी उपकरणों की मांग करने पर नौकरी से हटा देने की धमकी देते हैं. [wpse_comments_template]

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