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झामुमो महाधिवेशन में CM: आदिवासी, गरीब, पीड़ित व शोषितों ने डबल इंजन सरकार को सत्ता से बेदखल किया

 
Ranchi: झामुमो का महाधिवेशन रांची के खेलगांव में टानाभगत इंडोर स्टेडियम में सोमवार से शुरू हो गया. यह महाधिवेशन बाबा साहेब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर को समर्पित है और शिबू सोरेन की अध्यक्षता में शुरू हुआ है. पहले दिन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि झारखंड की आदिवासी-मूलवासी, गरीब, दलित, पीड़ित और शोषित लोगों ने 2019 में डबल इंजन की सरकार को सत्ता से बेदखल कर दिया था. उन्होंने कहा कि उनकी सरकार आम लोगों के हित में काम कर रही है और आदिवासियों-मूलवासियों को उनका अधिकार दे रही है.
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विपक्षी पार्टियों की कोशिशों के बावजूद झुकने से इनकार https://lagatar.in/wp-content/uploads/2025/04/JMM8.jpg"

alt="SFGNFSGN" width="600" height="400" /> हेमंत सोरेन ने कहा कि विपक्षी पार्टियों की तमाम कोशिशों के बावजूद झारखंड की अबुआ सरकार ने झुकना स्वीकार नहीं किया. उनकी सरकार झारखंड के आम लोगों के हितों में फैसले ले रही है. झारखंड राज्य के गठन के बाद से ही शोषण और उत्पीड़न हेमंत सोरेन ने कहा कि झारखंड राज्य के गठन के बाद से ही यहां के आदिवासियों, मूलवासियों और दलितों का शोषण और उत्पीड़न हो रहा था. सरकार की नीतियों की वजह से आदिवासी-मूलवासी और किसान आत्महत्या करने के लिए मजबूर हो रहे थे. पिता शिबू सोरेन से सीखी राजनीति की बारीकियां https://lagatar.in/wp-content/uploads/2025/04/JMM7.jpg"

alt="SVSAFVBASFB" width="600" height="400" /> हेमंत सोरेन झारखंड मुक्ति मोर्चा के कार्यकारी अध्यक्ष हैं और उन्होंने अपने पिता शिबू सोरेन से राजनीति की बारीकियां सीखी हैं. वह झारखंड के पांचवें मुख्यमंत्री हैं और इससे पहले भी वह तीन बार इस पद पर रह चुके हैं. महाधिवेशन में इन विषयों पर होगी चर्चा - पार्टी संविधान में संशोधन: जेएमएम अपने संविधान में बदलाव पर विचार कर रही है. - भूमि पुनर्वापसी कानून: पार्टी इस कानून पर चर्चा करेगी और इसके प्रावधानों को मजबूत बनाने के तरीकों पर विचार करेगी. - वक्फ संशोधन कानून का विरोध: जेएमएम वक्फ संशोधन कानून के खिलाफ प्रस्ताव पारित कर सकती है. - राष्ट्रीय पार्टी बनाने की रणनीति: जेएमएम अब क्षेत्रीय दल की छवि से बाहर निकलकर राष्ट्रीय पार्टी बनने की रणनीति बना रही है. - बिहार और बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव: जेएमएम इन राज्यों में आगामी विधानसभा चुनावों के लिए अपनी रणनीति तैयार करेगी. - जिला अध्यक्ष और प्रखंड अध्यक्षों को अधिक शक्तियां: जेएमएम जिला अध्यक्ष और प्रखंड अध्यक्षों को अधिक राजनीतिक शक्तियां देने पर विचार कर रही है. नई कमेटियों का गठन इस महाधिवेशन में नई कमेटियों का गठन होगा, जिसमें पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष, कार्यकारी अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारियों का चयन किया जाएगा. कल्पना सोरेन को संगठन में बड़ी जिम्मेवारी मिलने की संभावना है. इसे भी पढ़ें -भाजपा">https://lagatar.in/bjp-alleges-that-communal-violence-in-bengal-is-state-sponsored-mamata-has-turned-many-parts-into-bangladesh/">भाजपा

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