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कोर्ट फीस वृद्धि का विरोधः बार संघों और काउंसिल सदस्यों की बैठक, अनिश्चितकालीन पेन डाउन की तैयारी

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Ranchi: झारखंड में कोर्ट फीस में हुई वृद्धि के बाद से ही वकीलों का विरोध जारी है. इसी क्रम में झारखंड स्टेट बार काउंसिल के बुलावे पर राज्य के कई जिलों के बार संघ के अध्यक्ष और महासचिव समेत झारखंड स्टेट बार काउंसिल के कई सदस्यों ने बैठक की. बैठक में कोर्ट फीस में हुई बढ़ोतरी के निर्णय पर ज्यादातर बार संघों और काउंसिल सदस्यों ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कई सुझाव दिये. इसे पढ़ें-सुशील">https://lagatar.in/sushil-modi-said-nitish-tejashwi-government-will-fall-before-time/">सुशील

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[caption id="attachment_385286" align="aligncenter" width="1600"]https://lagatar.in/wp-content/uploads/2022/08/2-16.jpg"

alt="" width="1600" height="1200" /> तस्वीर- काउंसिल सदस्यों के साथ जिला बार संघों की बैठक[/caption] ज्यादातर संघ के अध्यक्ष और महासचिव ने काउंसिल की बैठक में यह सुझाव दिया है कि जब तक सरक़ार कोर्ट फीस में की गई बढ़ोतरी के निर्णय को वापस नहीं लेती तब तक राज्य भर के वकीलों को अनिश्चितकालीन पेन डाउन कर खुद को न्यायिक कार्यों से दूर रखना चाहिए. विभिन्न जिला बार संघ के सुझाव को अब झारखंड स्टेट बार काउंसिल की आगामी जनरल बॉडी की बैठक में रखते हुए जल्द ही कोई ठोस निर्णय लिया जा सकता है. राजयभर के जिला बार संघों और काउंसिल के कई सदस्यों का जुटान रांची सिविल कोर्ट स्थित बार भवन में हुआ. बैठक की अध्यक्षता झारखंड स्टेट बार काउंसिल के अध्यक्ष राजेंद्र कृष्ण ने की. बैठक में मुख्य रूप से काउंसिल के सदस्य राधे श्याम गोस्वामी, हेमंत शिकरवार, परमेश्वर मंडल, संजय विद्रोही, शम्भू अग्रवाल, जगदीश सलूजा और पवन खत्री समेत कई अधिवक्ता संघ के प्रतिनिधियों ने की. इसे भी पढ़ें-आमिर">https://lagatar.in/aamir-khan-broke-his-silence-on-laal-singh-chaddhas-boycott-said-if-i-have-hurt-someones-heart/">आमिर

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इस बीच बुधवार को झारखंड में न्यायिक कार्य सुचारु रूप से नहीं हुआ. जिसके कारण कई महत्वपूर्ण मामलों की सुनवाई टल गई. इस बीच रांची सिविल कोर्ट के सभी अधिवक्ता न्यायिक कार्य से दूर रहे. जिसके कारण कई फरियादियों को बैरंग वापस लौटना पड़ा. [wpse_comments_template]      
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