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तीन दिन राजधानी में बिखरेगी सांस्कृतिक छटा

  • 5, 6 और 7 मई को सांसद सांस्कृतिक मेला और बांग्ला सांस्कृतिक मेला
  • बांग्ला सांस्कृतिक महोत्सव का शुभारंभ राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन करेंगे
  • सांस्कृतिक महोत्सव का उद्घाटन रघुवर दास करेंगे
Ranchi : राजधानी तीन दिनों तक सांस्कृतिक रंग में डूबी रहेगी. 5 , 6 और 7 मई को दो बड़े सांस्कृतिक आयोजन हो रहे हैं. पहला है बांग्ला सांस्कृतिक मेला, जो पूरे 6 साल के बाद हो रहा है. इस मेले का ना सिर्फ बंगाली समुदाय बल्कि पूरे राजधानी वासी शिद्दत से इंतजार करते हैं. दूसरा सांसद सांस्कृतिक मेला, जो रांची ही नहीं पूरे देश में अपनी तरह का पहला आयोजन है. रांची के सांसद संजय सेठ ने सांसद खेल महोत्सव का आयोजन किया था, जिसमें ग्रामीण स्तर पर कई खेल प्रतिभाओं को एक प्लेटफार्म मिला था. उसकी सफलता के बाद अब कला के क्षेत्र से प्रतिभाओं को निखारने का यह प्रयास है, जिसकी सराहना खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की है. सांसद सांस्कृतिक महोत्सव का उद्घाटन 5 मई को शाम 4 बजे पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास करेंगे. वहीं बांग्ला सांस्कृतिक महोत्सव का शुभारंभ राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन के हाथों शाम 7 बजे डॉ रामदयाल मुंडा स्टेडियम में होगा.

50 से ज्यादा स्टॉल लगाए जाएंगे- सुप्रियो भट्टाचार्य

तीन साल विश्वव्यापी कोरोना महामारी ने बांग्ला सांस्कृतिक मेला के आयोजन पर खलल डाला. मेले के संयोजक सुप्रियो भट्टाचार्य बताते हैं कि मेले में बांला संस्कृति की अकूत झलक देखने को मिलेगी, जिसमे 50 से ज्यादा स्टॉल लगाए जाएंगे. बांग्ला सांस्कृतिक मेला के पहले दिन की पहली प्रस्तुति कोलकाता के प्रसिद्ध नृत्य समूह डांसर गिल्ड के प्रदर्शन से होगी. वहीं द्वितीय प्रस्तुति कई राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त नाट्य संस्था मउलाली रंगशिल्पी की हास्य नाटिका की होगी. आखिरी प्रस्तुति संत कबीर गान से होगा. वहीं बांग्ला सांस्कृतिक मेले में बंगाली व्यंजन का भी लोग लुत्फ उठा सकेंगे. 3 दिनों तक लगने वाले इस बांग्ला सांस्कृतिक मेले में प्रवेश निशुल्क रखा गया है. https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/05/561.jpg"

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2200 कलाकारों ने पंजीकरण करवाया है

वहीं सांसद सांस्कृतिक महोत्सव में कला की दस विधाएं जनजातीय नृत्य, शास्त्रीय नृत्य (सामूहिक) , शास्त्रीय नृत्य ( एकल) , एकल गायन, जनजातीय वाद्य, सामूहिक कोरियोग्राफी, माईम, लोक नृत्य (सामूहिक), सामूहिक गीत और लघु नाटिका शामिल की गयी हैं. कार्यक्रम के संयोजक प्रो. अजय मलकानी ने बताया कि महोत्सव की पूरी तैयारी कर ली गयी है. इसके लिए 2200 कलाकारों ने अपना पंजीकरण करवाया है. इसके उद्घाटन समारोह में झारखंड के युवा और प्रसिद्ध कलाकार अपनी प्रस्तुति भी देंगे. आयोजन रांची के आर्यभट्ट सभागार, ऑड्रे हाउस, मयूरी प्रेक्षागृह व श्यामा प्रसाद विश्वविद्यालय सभागार में संपन्न होगा. इसे भी पढ़ें – वकीलों">https://lagatar.in/pil-filed-for-lawyers-insurance-jharkhand-hc-notice-to-centre-state-government-and-bar/">वकीलों

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