Dhanbad: बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के हुचुकटांड़ गांव के समीप झाड़ियों में लावारिस हालत में मिली नवजात बच्ची के मामले में उपायुक्त आदित्य रंजन ने त्वरित संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों को बच्ची की सुरक्षा, बेहतर चिकित्सा और कानूनी प्रक्रिया सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं.

अस्पताल में चल रहा नवजात का इलाज
उपायुक्त के निर्देश पर नवजात का शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (एसएनएमएमसीएच) के आईसीयू में विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में इलाज चल रहा है.
जिला प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार 27 जुलाई 2026 को बरवाअड्डा थाना पुलिस ने जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी तथा बाल कल्याण समिति की सदस्य ममता अरोड़ा और संध्या प्रधान को सूचना दी कि हुचुकटांड़ गांव के पास झाड़ियों में एक नवजात बच्ची मिली है.
सूचना मिलते ही बाल कल्याण समिति ने बरवाअड्डा थाना को निर्देश दिया कि बच्ची को तत्काल समिति के समक्ष प्रस्तुत करते हुए इलाज के लिए एसएनएमएमसीएच में भर्ती कराया जाए.
इसके बाद उपायुक्त के निर्देशानुसार नवजात को अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत पर 24 घंटे निगरानी रखी जा रही है. उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि बच्ची के इलाज में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए.
जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी ने अस्पताल में नवजात की देखरेख के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन, विशिष्ट दत्तक ग्रहण संस्थान (एसएए) तथा जिला बाल संरक्षण इकाई (डीसीपीयू) के कर्मियों की रोस्टरवार प्रतिनियुक्ति की है ताकि बच्ची की देखभाल लगातार सुनिश्चित की जा सके.
उपायुक्त के निर्देश पर जिला बाल संरक्षण इकाई और स्थानीय पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह सक्रिय है. पुलिस को बच्ची के जैविक माता-पिता तथा उसे झाड़ियों में छोड़ने वाले लोगों की पहचान कर उनके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है.
जिला प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि यदि किसी के पास इस घटना या नवजात बच्ची के परिजनों से संबंधित कोई भी जानकारी हो तो इसकी सूचना तत्काल स्थानीय पुलिस या जिला बाल संरक्षण कार्यालय को दें. प्रशासन ने कहा है कि बच्ची की सुरक्षा, उपचार और पुनर्वास सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं.
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