Deoghar: देवघर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने स्पष्ट किया है कि विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान किसी भी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से नहीं हटाया जाएगा. उन्होंने कहा कि केवल पांच श्रेणियों—अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत, डुप्लिकेट तथा गैर-भारतीय नागरिक के नाम ही प्रारूप मतदाता सूची में शामिल नहीं किए जाएंगे.
संथाल परगना प्रमंडल के दो दिवसीय दौरे पर पहुंचे के. रवि कुमार ने मंगलवार को देवघर जिले के मधुपुर प्रखंड में बीएलओ और बीएलओ सुपरवाइजरों के लिए आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम का निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षण की व्यवस्था का जायजा लिया और बीएलओ का उत्साहवर्धन करते हुए, उनकी शंकाओं का समाधान भी किया.
इस मौके पर उन्होंने कहा कि जिन मतदाताओं का नाम पूर्व के गहन पुनरीक्षण वाली मतदाता सूची से मैप हो चुका है या नहीं हुआ है, यदि वे एन्यूमरेशन फॉर्म पर हस्ताक्षर कर उसे जमा कर देते हैं, तो उनका नाम प्रारूप मतदाता सूची में प्रकाशित किया जाएगा. उन्होंने दोहराया कि पात्र मतदाताओं के अधिकार पूरी तरह सुरक्षित रहेंगे.
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बीएलओ को निर्देश दिया कि 30 जून से शुरू होने वाले घर-घर संपर्क अभियान के दौरान वे मतदाताओं को एन्यूमरेशन फॉर्म उपलब्ध कराएं और उनका पूर्व मतदाता सूची से मैपिंग कार्य सुनिश्चित करें. इससे अधिकांश मतदाताओं को SIR प्रक्रिया में अतिरिक्त दस्तावेज प्रस्तुत करने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी.
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मैपिंग और एन्यूमरेशन चरण के दौरान मतदाताओं से किसी प्रकार का दस्तावेज नहीं लिया जाना है. बीएलओ को इस निर्देश का सख्ती से पालन करने को कहा गया है.
निरीक्षण के दौरान जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त देवघर सौरभ कुमार भुवानिया, मधुपुर के अनुमंडल पदाधिकारी राजीव कुमार, उप निर्वाचन पदाधिकारी सागरी बराल, मधुपुर प्रखंड के पदाधिकारी तथा विभिन्न प्रखंडों के बीएलओ और बीएलओ सुपरवाइजर मौजूद थे.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.
Leave a Comment