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अमेरिकी वित्त विभाग के उपसचिव वैली अडेमो भारत आ रहे, रूस से तेल न खरीदने को मनायेंगे!

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Washindton : खबर है कि यूक्रेन-रूस युद्ध के बीच अमेरिकी वित्त विभाग के उपसचिव वैली अडेमो अगले सप्ताह भारत की आधिकारिक यात्रा पर आयेंगे. विशेषज्ञों का मानना है कि फरवरी में शुरू हुए युद्ध पर भारत के तटस्थ रुख के मद्देनजर अमेरिका दक्षिण एशियाई राष्ट्र के साथ संबंधों को गहरा करने पर ध्यान केंद्रित करना चाहता है. जानकारी के अनुसार वैली अडेमो अपनी यात्रा के क्रम में मुंबई और दिल्ली का दौरा करेंगे. बताया जाता है कि वैली अडेमो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, वित्त मंत्रालय, भारतीय रिजर्व बैंक और पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के साथ बैठक करेंगे. इस बात कि चर्चा है कि वैली अडेमो रूस से तेल न खरीदने का आग्रह कर सकते हैं. इसे भी पढ़ें : मुंबई">https://lagatar.in/mumbai-police-received-threat-from-pakistans-whatsapp-number-then-26-11-like-terrorists-will-attack/">मुंबई

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भारत 2023 में जी-20 ग्रुप के निवेशकों के मंच का प्रतिनिधित्‍व करेगा

कहा गया है कि अडेमो ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने, विश्व स्तर पर खाद्य असुरक्षा से निपटने और अवैध वित्तीय लेन-देन का मुकाबला करने जैसी प्रमुख साझा प्राथमिकताओं पर चर्चा करेंगे. जान लें कि भारत 2023 में जी-20 ग्रुप के निवेशकों के मंच का प्रतिनिधित्‍व करेगा. इसे भी पढ़ें :  Dolo-650">https://lagatar.in/there-is-no-fir-registered-on-dolo-650-the-companys-clarification-on-the-allegation-of-giving-gifts-of-1000-crores-to-doctors/">Dolo-650

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भारत ने रूस से किनारा नहीं किया है.

भारत, अमेरिका, ऑस्‍ट्रेलिया और जापान के साथ वाले क्‍वाड ग्रुप का सदस्‍य है. इसके बावजूद भारत ने रूस से किनारा नहीं किया है. रूस और भारत के बीच व्यापार पहले की तरह जारी है. भारत ऊर्जा और दूसरे निर्यातों के लिए निर्भर है. कैप्‍लर की रिपोर्ट के अनुसार युद्ध शुरू होने के बाद भारत ने रूस से तेल की खरीद बढ़ा दी है. इस साल (2022) भारत रूस से 60 मिलियन बैरल तेल खरीद चुका है. 2021 में यह आंकड़ा 12 मिलियन बैरल पर ही था. एक बात और कि अमेरिका और यूरोप, रूस से पेट्रोल और ऊर्जा का दूसरा सामान खरीदने से बच रहे हैं. [wpse_comments_template]
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