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लातेहार के गांवों तक खींची जाएगी विकास की रूपरेखा, एससीए और डीएमएफटी से होगी फंड की व्यवस्था

Latehar : लातेहार समाहरणालय सभागार में विशेष केंद्रीय सहायता निधि (एससीए) और जिला खनन फाउंडेशन ट्रस्ट  डीएमएफटी की बैठक संपन्न हुई. बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त अबु इमरान ने की. बैठक में उपायुक्त अबु इमरान ने पुलिस अधीक्षक अंजनी अंजन, उप विकास आयुक्त सुरेन्द्र कुमार वर्मा, सीआरपीएफ कमांडेंट समेत जिले के पदाधिकारियों के साथ सुदूरवर्ती क्षेत्रों में विकास पहुंचाने के लिए मंथन किया. बैठक में उपायुक्त ने कहा कि लातेहार उग्रवाद प्रभावित जिला है. ऐसे में केंद्र व राज्य सरकार की विकास और कल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का हमारा दायित्व बढ़ जाता है. सभी पदाधिकारी अपने दायित्व का निवर्हन पूरी ईमानदारी से करें, ताकि योजनाओं का लाभ ग्रामीणों को मिल सके और उनके जीवन में बदलाव आ सके. उपायुक्त ने कहा कि गांव में विकास से ही उग्रवाद पर अंकुश लग सकता है. इसे भी पढ़ें- कथित">https://lagatar.in/mahesh-singh-of-karampada-a-supporter-of-alleged-labour-leader-man-singh-tiriya-taken-hostage/">कथित

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गांव की आवश्यकताओं को चिह्नित करते हुए योजनाओं का करें चयन

उन्होंने कहा कि पदाधिकारी संवेदनशील होकर सुदूरवर्ती गांवों में पहुंचे और गांव की आवश्यकताओं को चिह्नित करते हुए योजनाओं का चयन करें. बैठक में उपायुक्त ने कहा कि एससीए से शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, जल संचयन से संबंधित योजनाओं को प्राथमिकता के साथ लेकर सुदूरवर्ती गांवों का विकास करें. बैठक में उपायुक्त ने निर्देश दिया कि सुदूरवर्ती गांवो में प्राथमिकता के साथ आवागमन की सुविधा मुहैया कराएं. बैठक में सीआरपीएफ कमांडेंट ने सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्रों में मोबाइल टावर अधिष्ठापन, सड़क निर्माण और सीआरपीएफ कैंप का जीर्णोद्धार कराने की बात कही. इस पर उपायुक्त ने अविलंब कार्रवाई करने को लेकर पदाधिकारियों को निर्देश दिया. बैठक में उपायुक्त ने डीएमएफटी से संचालित योजनाओं की भी समीक्षा की और सभी लंबित योजनाओं को ससमय पूर्ण करने का निर्देश दिया. इस दौरान खनन प्रभावित क्षेत्रों में विकास कार्य को गति देने को लेकर भी निर्देश दिया. मौके पर सीआरपीएफ कमांडेंट, डीआरडीए निदेशक पंकज कुमार सिंह, जिला शिक्षा पदाधिकारी निर्मला कुमारी बरेलिया, जिला कृषि पदाधिकारी, पेयजल कार्यपालक अभियंता जितेन्द्र कुजूर, आरईओ कार्यपालक अभियंता दीपक कुमार, जिला खनन पदाधिकारी आनंद कुमार, एपीओ संतोष राम और अन्य पदाधिकारी मौजूद थे. इसे भी पढ़ें- टाटा">https://lagatar.in/contract-worker-dies-in-tata-steel-tmh-protested-for-10-lakh-compensation/">टाटा

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इन योजनाओं को लेने की बनी सहमति

विशेष केंद्रीय सहायता निधि से इन योजनाओं पर जिले में होगा काम. महुआडांड़ में इंटीग्रेटेड कोचिंग सेंटर खोलने, एक सौ यूनिट मधुमक्खी पालन, 70 उच्च विद्यालयों में बेंच-डेस्क और दरी, आंगनबाड़ी केंद्रों का सुदृढ़ीकरण और तीन सौ यूनिट एएनसी किट, सिंचाई के लिए तालाब जीर्णोद्धार, सड़क निर्माण, पुल निर्माण, लाइब्रेरी के लिए पुस्तक देने, विद्यालयों में व्हाइट बोर्ड लगाने, सीआरपीएफ कैंप के भवन का जीर्णोद्धार करवाने समेत अन्य योजनाओं को लेने पर बैठक में सहमति बनी. [wpse_comments_template]

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