उपायुक्त, एसएसपी व सिटी के सीईओ सहित वक्ताओं ने बताया परियोजना का महत्व
Dhanbad: धनबाद क्लब में बुधवार 20 सितंबर को इम्वेस्टर मीट में निवेशकों से रांची स्मार्ट सिटी में निवेश की अपील की गई. मुख्य अतिथि रांची स्मार्ट सिटी के सीईओ अमित कुमार व जीएम राकेश कुमार ने सभी निवेशकों के समक्ष पूरी योजना के बारे में विस्तार से समझाया. उन्होंने बताया कि योजना विश्वस्तरीय है. वहां स्थापित मूलभूत सुविधाओं सहित सुरक्षा के इंतजाम तक का खाका पेश किया. उपायुक्त वरुण रंजन ने निवेशकों को संबोधित करते हुए कहा कि यह विश्वस्तरीय परियोजना है, जिससे किसी भी राज्य का विकास संभव है. इसलिए निवेशक बिना संकोच निवेश करे. धनबाद एसएसपी संजीव कुमार ने भी निवेशकों से स्मार्ट सिटी में निवेश करने की अपील की. केंद्र की सबसे महत्वाकांक्षी परियोजना
सूडा के निदेशक सह रांची स्मार्ट सिटी के सीईओ अमित कुमार ने इसे केंद्र की सबसे महत्वाकांक्षी परियोजना बताया. कहा कि देश मे 100 स्मार्ट सिटी का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें झारखंड के रांची को शामिल किया गया है. परियोजना में एक हजार करोड़ की लागत आने का अनुमान है, जिसमें 500 करोड़ केन्द्र सरकार व 500 करोड़ राज्य सरकार की भागीदारी है. अब तक 850 करोड़ रुपये खर्च किये जा चुके हैं. उन्होंने बताया कि 656 एकड़ में विकसित की जा रही स्मार्ट सिटी में 21 फीसदी हिस्से में शिक्षा संस्थान होंगे. राज्य सरकार सिर्फ एक तिहाई मूल्य पर जमीन मुहैया कराएगी. देश के अच्छे विश्वविद्यालय को मात्र एक रुपये में जमीन दी जाएगी. इस परियोजना का 37 फीसदी हिस्सा हरियाली और खुली जगह के लिए रखा गया है. कार्यक्रम में धनबाद नगर निगम के सभी सहायक नगर आयुक्त, सिटी मैनेजर एवं अभियंता मौजूद थे. धनबाद के तीन निवेशकों ने अब तक किया निवेश
जिले के तीन निवेशकों ने रांची स्मार्ट सिटी में निवेश किया है. सुखधाम अपार्टमेंट के बिल्डर मनोज मोदी ने बताया कि स्मार्ट सिटी में निवेश करना उनके लिए फायदेमंद रहा है. उन्होंने भी कहा कि धनबाद के निवेशक स्मार्ट सिटी में निवेश करें. इसके साथ ही बिल्डर नीलेश डोकानिया एवं अशरफी अस्पताल के मालिक ने भी निवेश किया है. स्मार्ट सिटी की क्या है वर्तमान स्थिति
12 प्रोजेक्ट को इंट्रीग्रेटेड किया गया. 470 करोड़ खर्च हो रहे हैं. इसमें लैंड डेवलपमेंट, रोड, वाटर सप्लाई, रि यूज वाटर सप्लाई, सीवरेज एंड सैनिटेशन, स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज, स्ट्रीट लाइटिंग, पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन लाइन का काम शामिल है. ये सभी काम 95% पूरे हो गए हैं. एरिया में 18 प्रोजेक्ट पर काम किया जाना है, जिसमें आठ प्रोजेक्ट सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट सिस्टम, पब्लिक ट्रांसपोर्ट सिस्टम, ओपन स्पेस व पार्क डेवलपमेंट के 2 प्रोजेक्ट और 2 फेज में रिवर फ्रंट का काम अभी बाकी है. 191 करोड़ रुपये की लागत से अर्बन सिविक टॉवर स्मार्ट सिटी परिसर में बनना था, अभी यह काम चल रहा है. [wpse_comments_template]
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