Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

धनबाद: आयुक्त ने किया गोविंदपुर अंचल कार्यालय का निरीक्षण, मिलीं ढेरों शिकायतें

Advertisement
Advertisement

अंचलाधिकारी की ली क्लास, कहा-रैयतों को दौड़ने वाला रवैया बर्दाश्त नहीं किया जाएगा

Govindpur : उत्तरी छोटानागपुर प्रमंडल की आयुक्त सुमन कैथरीन किस्पोट्टा ने बुधवार 23 अगस्त को करीब 4 घंटे तक गोविंदपुर अंचल कार्यालय का निरीक्षण किया. उन्होंने पत्रकारों से कहा कि गड़बड़ी की कई शिकायतें मिली हैं. इसकी जांच कर सरकार को रिपोर्ट दी जाएगी. उन्होंने सभी राजस्व उप निरीक्षकों को निर्देश दिया कि एक हफ्ते में रिपोर्ट करें कि हलका में कितनी गैराबाद जमीन का खतियान बन गया है और जमीन ऑनलाइन हो गई है. ऐसी जमीन बचाने के लिए सरकार अपील करेगी और व्यक्ति विशेष के हाथ में जाने नहीं देगी. उन्होंने सीओ रामजी वर्मा की क्लास भी ली. पन्नालाल सलूजा परिसर गोविंदपुर में जमीन खरीदने वाली नुसरत प्रवीण और उनके बेटे आदिल इकबाल ने आयुक्त से लिखित शिकायत की कि उनका म्यूटेशन केस नंबर 22 24 को राजस्व उप निरीक्षक ने 12 अगस्त को पास कर दिया इसके बाद सीआई ने 21 अगस्त को स्वीकृत करते हुए को फॉरवर्ड कर दिया, पर ठीक 91 वे दिन सीओ ने मामले को रिजेक्ट कर दिया, जबकि यह रैयती जमीन है तथा अन्य लोगों का म्यूटेशन हो चुका है. गोविंदपुर की ही बिंदु दास ने आयुक्त से शिकायत की की उनका म्यूटेशन केस नंबर 15417 एवं 1353 को अकारण रिजेक्ट कर दिया गया और उनकी जमीन को दूसरे के नाम पर चढ़ा दिया गया है. सिमलाटांड़ के साबिर अंसारी ने कमिश्नर से शिकायत की की अंचल कार्यालय ने  रद्द की गई डीड की जमीन को ऑनलाइन कर दिया और जालसाजी करने वाले ने दूसरे के नाम तीन डीड बना दिया. फिर तीनों का म्यूटेशन अंचल कार्यालय ने कर दिया तथा बार-बार आवेदन देने के बाद भी रिजेक्ट नहीं किया जा रहा है. कमिश्नर ने कार्रवाई की बात कही. दाखिल खारिज के सैकड़ो आवेदन को राजस्व कर्मचारी एवं अंचल निरीक्षक से अग्रसारित होने के बाद भी अपने लॉगिन में लंबित रखने एवं बाद में रिजेक्ट कर देने, एनजीडीएस से प्राप्त दाखिल खारिज आवेदनों को रिजेक्ट कर देने, दाखिल खारिज के आवेदनों का समय पर हियरिंग नहीं करने, जन शिकायतों का समय पर निपटारा नहीं करने, सरकारी जमीन को हथियाने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करने, अतिक्रमण वाद की कार्रवाई चलाने में शिथिल रहने, जमाबंदी कायम करने के आवेदनों को लंबित रखने समेत अन्य मामलों को लेकर उन्होंने अंचल अधिकारी की जमकर क्लास ली. उन्होंने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि रैयतों को दौड़ने वाला रवैया बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. सरकारी जमीन हथियाना वाले जमीन माफियाओं के खिलाफ उन्होंने प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश भी दिया. उन्होंने कहा सरकारी जमीन की रक्षा करना अंचल अधिकारी का काम है. ऐसी जमीन पर सरकारी होने का बोर्ड लगाने का भी निर्देश दिया. मौके पर नंदकिशोर गुप्ता एसडीएम प्रेम कुमार तिवारी आयुक्त के सचिव रविराज शर्मा, धनबाद सीओ प्रशांत लायक समेत कई अधिकारी मौजूद थे. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही