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धनबाद: बीमार होने के बावजूद बच्ची को टीका लगाया, हो गई मौत

Govindpur : अमलाटांड़ निवासी रमजान अंसारी की डेढ़ माह की नवजात पुत्री की मौत सोमवार 5 जून को तड़के तीन बजे हो गई. उसे विगत तीन जून को आंगनबाड़ी केन्द्र अमलाटांड़ में नियमित टीकाकरण के तहत वैक्सीन लगाया गया था. परिजनों व ग्रामीणों का आरोप है कि दो दिन पूर्व बच्ची के मिजिल्स होने की जानकारी एएनएम तथा सहिया को दी गई थी. बावजूद एएनएम ने उसे वैक्सीन लगाया. इसी कारण बच्ची की मौत हुई. ग्रामीणों ने सबसे पहले बीडीओ संतोष कुमार को सूचना दी.

    जांच टीम की रिपोर्ट पर होगी कार्रवाई

इसके बाद बीडीओ थाना प्रभारी जितेंद्र कुमार, डब्ल्यूएचओ के डॉ अमित कुमार तिवारी, आईडीएसपी डॉ ऋतुराज, सीएचसी प्रभारी डॉ एच रहमान आदि को लेकर गांव पहुंचे. टीम ने परिजनों से विस्तृत जानकारी ली. अधिकारियों द्वारा गठित टीम ने मृत बच्ची की जांच की. मृत बच्ची के स्वजन एवं ग्रामीणों ने एएनएम को दोषी मानते हुए उसपर प्राथमिकी दर्ज करते हुए बर्खास्त करने एवं पीड़ित परिवार को पांच लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग की है. डब्ल्यएचओ के डॉ अमित कुमार तिवारी ने कहा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मृत्यु के कारण का सही पता चल सकेगा. इस संबंध में एएनएम से पूछ-ताछ की जाएगी.

   सिविल सर्जन ने एएनएम को किया सस्पेंड

बीडीओ संतोष कुमार ने कहा कि सूचना मिलते ही वह स्वास्थ्य विभाग से जुड़ी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे. जांच टीम की रिपोर्ट आने के बाद ही मृत्यु के कारण का खुलासा हो सकेगा. टीम ने मृत बच्ची का पोस्टमार्टम कराने का निर्देश दिया था. परंतु परिजन तैयार नहीं हुए और शाम मैं बच्ची की मिट्टी मंजिल कर दी गई. बीडीओ ने कहा कि मानवता के आधार पर मृत बच्ची के परिवार को कुछ आर्थिक सहायता दी जाएगी. इधर सिविल सर्जन डॉ आलोक विश्वकर्मा ने तत्काल प्रभाव से एएनएम मंजू कुमारी को सस्पेंड कर दिया है. प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक में जिला परिषद सदस्य सोहराब अंसारी, अमजद अंसारी, जहीर अंसारी रशीद अंसारी, गुलाम गौस, असलम अंसारी, अनवर अंसारी , शाहनवाज हुसैन आदि मौजूद थे

   बच्ची के बीमार होने की जानकारी नहीं : एएनएम

एएनएम मंजू कुमारी ने कहा कि बच्ची के बीमार रहने की जानकारी परिजनों ने नहीं दी थी. नियमित वैक्सीनेशन के तहत बच्ची को पेंटा का फर्स्ट डोज, ओपीवी, टीसीबी एवं रोटा की सुई दी गई थी. यदि बीमार रहने की सूचना दी जाती तो सुई लगाने का सवाल ही नहीं था. [wpse_comments_template]

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