Dhanbad : वर्तमान में पानी के समुचित उपयोग के लिए समुदाय संचालित विकेंद्रीकृत जल प्रबंधन प्रणाली की आवश्यकता है. पारंपरिक भारतीय जीवन शैली में पानी के प्रभावी प्रबंधन की व्यवस्था थी. विकास व आधुनिक युग की शुरुआत के बाद ऐसा बदलाव आया कि आज बाढ़ और सूखा जैसी समस्याएं पैदा हो गई हैं. यह बातें वाटरमैन के नाम से मशहूर प्रसिद्ध पर्यावरणविद् और जल संरक्षणवादी डॉ राजेंद्र सिंह ने आईआईटी आईएसएम में कही. वह पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण विज्ञान और इंजीनियरिंग विभाग द्वारा जीजीएलटी में आयोजित व्याख्यान श्रृंखला को संबोधित कर रहे थे. कहा कि हमें अपने क्षेत्र के जल भंडारों के प्रति जागरूक बनना होगा.
धनबाद: समुदाय संचालित जल प्रबंधन प्रणाली की जरूरत: डॉ राजेन्द्र
Last Updated: May 31, 2023 12:00 AM (IST)