Dhanbad : धनबाद (Dhanbad) रेलवे के विशेष न्यायिक दंडाधिकारी अंकित कुमार सिंह ने गुरुवार 11 मई को आरपीएफ के दारोगा एवं महिला आरक्षी की जमकर क्लास लगा ली. रेलवे मजिस्ट्रेट ने पुलिस को कानून के दायरे में रहकर काम करने की नसीहत दी तथा उन्हें कानून का पाठ खुली अदालत में पढ़ा दिया. दरअसल रेलवे न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत में धनबाद आरपीएफ केस संख्या 4/23 में सिंदरी डोंमगढ निवासी सोनू साव की ओर से आत्मसमर्पण का आवेदन दिया गया था. हालांकि अभियुक्त नामजद आरोपी नहीं था. धनबाद आरपीएफ ने अज्ञात के खिलाफ रेलवे संपत्ति की चोरी का आरोप लगाकर मुकदमा दायर किया था तथा अभियुक्त के खिलाफ दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 41 के तहत नोटिस जारी किया था. नोटिस के आलोक में अभियुक्त आज अदालत में आत्मसमर्पण करने आया था. इसी बीच आरपीएफ की महिला सिपाही चंद्रमा ने दारोगा कुंदन कुमार को आरपीएफ पोस्ट में जा कर सूचना दी. दोनों अभियुक्त सोनू साव को अदालत परिसर में ही पकड़ कर आरपीएफ ले गए, जिसकी शिकायत आरोपी के अधिवक्ता डेविड ने अदालत से की. अदालत से प्रार्थना की कि कोर्ट में जब अभियुक्त की ओर से आत्मसमर्पण का आवेदन दिया गया है, तो ऐसी परिस्थिति में पुलिस कोर्ट परिसर से उसे कैसे गिरफ्तार कर सकती है. मामले की गंभीरता को देखते हुए अदालत ने तत्काल महिला आरक्षी चंद्रमा को फटकार लगाते हुए अनुसंधानकर्ता कुंदन कुमार को केस डायरी लेकर तत्काल उपस्थित होने का निर्देश दिया. थोड़ी देर में दारोगा कुंदन कुमार डायरी के साथ अदालत में उपस्थित हुए. अदालत ने दोनों की खुले इजलास में ही क्लास लगा दी तथा फटकार लगाई. अदालत का रौद्र रूप देख पुलिस ने तत्काल अभियुक्त सोनू साव को छोड़ दिया. [wpse_comments_template]
धनबाद: रेलवे मजिस्ट्रेट ने आरपीएफ के दारोगा को लगाई फटकार, पढ़ाया कानून का पाठ
Last Updated: May 11, 2023 12:00 AM (IST)