Ravi Chourasia Dhanbad : धनबाद (Dhanbad)">https://lagatar.in/wp-admin/post.php?post=301896&action=edit">(Dhanbad)
शहर में आमरस के नाम पर दुकानदार ग्राहकों को जहर पिला रहे हैं. गर्मी में गला तर करने के लिए अनजाने में लोग इस जहर को धड़ल्ले से पी रहे हैं. दरअसल, यह आमरस (आम शर्बत) चीनी, पानी और रंग के साथ एसेंस का घोल है, जिसे हर चौक-चौराहे पर ग्राहकों को परोसा जा रहा है. इसका सेवन करना स्वास्थ्य के लिए काफी हानिकारक है. लेकिन जिला प्रशासन व फूड विभाग के जिम्मेदार इस ओर से आंखें बंद किए हुए हैं.
सिंदरी : आवास में मिला 36 वर्षीय युवक का फंदे से झूलता शव [wpse_comments_template]
शहर में आमरस के नाम पर दुकानदार ग्राहकों को जहर पिला रहे हैं. गर्मी में गला तर करने के लिए अनजाने में लोग इस जहर को धड़ल्ले से पी रहे हैं. दरअसल, यह आमरस (आम शर्बत) चीनी, पानी और रंग के साथ एसेंस का घोल है, जिसे हर चौक-चौराहे पर ग्राहकों को परोसा जा रहा है. इसका सेवन करना स्वास्थ्य के लिए काफी हानिकारक है. लेकिन जिला प्रशासन व फूड विभाग के जिम्मेदार इस ओर से आंखें बंद किए हुए हैं.
जरा सोचिए- ₹200 किलो आम, ₹10 ग्लास आमरस कैसे !
शहर के चौक-चौराहों पर फ्रूट जूस के स्टॉल व ठेलों की भरमार है. वहां शीतल पेय व आमरस की बिक्री खूब हो रही है. जरा सोचिए, बाजार में इन दिनों आम 200 रुपए प्रति किलोग्राम बिक रहा है. वहीं, फ्रूट जूस के स्टॉल पर एक गिलास आमरस सिर्फ 10 रुपए में बिक रहा है. गर्मी में प्यासे लोगों को इसे सोच नहीं पाते और गटागट 2-4 ग्लास आमरस पी जाते हैं. यह भोले-भाले लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ नहीं तो और क्या है?लगातार को ठेले के नीचे मिला हानिकारक घोल
लगातार रिपोर्टर ने 3 मई को शहर के बाजारों व चौक-चौराहों का जायजा लिया. मार्केट में आम की कीमत 180 से 200 रुपए प्रति किलोग्राम बताई गई. वहीं, फ्रूट जूस के स्टॉल पर जब आमरस बनाने को कहा, तो दुकानदार ने आम के चंद गले हुए छोटे-छोटे टुकड़ों को मिक्सी के जार में डाला. फिर अचानक ठेले के नीचे से एक ड्रम में पहले से तैयार कर रखे केसरिया रंग के घोल को निकालकर मिला दिया. पूछने पर दुकानदार ने कहा कि यह आम की खुशबू का घोल है. इसका स्वाद भी बढ़िया है.स्वास्थ्य के लिए नुकसानदेह है घोल : डॉ. ड्रोलिया
धनबाद के पाटलिपुत्र नर्सिंग होम के डॉ. निखिल ड्रोलिया ने बताया कि सबसे पहले फ्रूट में कोई भी कलर मिलाना बिल्कुल गलत है. फ्रूट्स जूस नेचुरल होना चाहिए चाहे वह खट्टा, मीठा या किसी और स्वाद का हो. स्वाद को रंग और चीनी के अनुसार बदलना गलत है. वहीं कलर हमारे स्वास्थ्य के लिए हार्मफुल है. इससे डायरिया, पेट दर्द, उल्टी-दस्त की शिकायत हो सकती है. इसके सेवन से कैंसर होने का भी खतरा है. यह भी पढ़ें :">https://lagatar.in/wp-admin/post.php?post=301839&action=edit">सिंदरी : आवास में मिला 36 वर्षीय युवक का फंदे से झूलता शव [wpse_comments_template]
Leave a Comment