धनबाद: वेतन समझौता लागू हो, वरना हड़ताल की घोषणा करे केंद्रीय ट्रेड यूनियन
Nirsa: निरसा (Nirsa) कोल इंडिया प्रबंधन 4 माह से 11 वें वेतन समझौता को लागू करने में लेटलतीफी कर रही है. इससे मजदूरों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है. मंगलवार 18 अप्रैल को कोलकाता में जेबीसीसीआई की बैठक हो रही है. केंद्रीय ट्रेड यूनियन के नेताओं से कहना है कि यदि इस बैठक में वेतन समझौता लागू नहीं होने का फैसला नहीं होता है तो कोल इंडिया में हड़ताल की घोषणा कीजिए. मजदूर आर पार की लड़ाई को तैयार हैं. उक्त बातें कोल माइंस वर्कर्स यूनियन के केंद्रीय अध्यक्ष उपेंद्र सिंह ने मंगलवार 1श्र अप्रैल को श्यामपुर बी कोलियरी में मजदूरों को संबोधित करते हुए कही. उन्होंने कहा कि मजदूरों के वेतन में 19% बढ़ोतरी का समझौता होने के बाद अब प्रबंधन कोयला मंत्रालय से सहमति नहीं लेने की बात कह मामले को लटकाए हुए है. 2021 से वेतन समझौता नहीं होने से मजदूरों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है. मजदूरों का ट्रेड यूनियन के नेताओं पर से भरोसा खत्म होता जा रहा है. उन्होंने कहा कि पहले कोल इंडिया में 60 लाख से अधिक असंगठित मजदूर थे. वर्तमान समय में मात्र ढाई लाख मजदूर कार्यरत हैं. इसके बावजूद मजदूरों ने इस वित्तीय वर्ष में 700 लाख मिलियन टन कोयले का उत्पादन किया. मजदूरों के साथ प्रबंधन की अन्याय पूर्ण नीतियों के बावजूद मजदूर देश हित में अपना सर्वस्व न्योछावर कर कोयला उत्पादन को बढ़ावा देने में अपनी भूमिका का निर्वहन कर रहे हैं.

Leave a Comment