तीन महीने पहले रची गई थी हत्या की साजिश
पुलिस की जांच में खुलासा हुआ है कि गिरफ्तार किये गये अपराधियों ने दो-तीन महीने पहले ही तनवीर अहमद उर्फ बिट्टू को मारने का प्लान बनाया था. अंकित कुमार सिंह को एदलहातु टीओपी और दीपक कुमार सिंह को बिट्टू के घर की रेकी करने का काम सौंपा गया था. गत तीन जून को जेल में बंद राज वर्मा से निर्देश प्राप्त करने के लिए दीपक कुमार सिंह और अंकुश कुमार सिंह उर्फ लकी जेल में उससे मिलने गया था. राज वर्मा के निर्देश पर ही घटना को अंजाम दिया गया. घटना के दिन दुर्गा और अभिषेक मलिक एक ही बाइक पर सवार था. दुर्गा गाड़ी चला रहा था और अभिषेक मलिक के पास पिस्तौल थी. दूसरी बाइक पर रोहन श्रीवास्तव और रोहित मुंडा उर्फ बीड़ी सवार था. रोहन श्रीवास्तव ड्राइव चला रहा था, जबकि रोहित मुंडा उर्फ बीड़ी के पास पिस्तौल थी. घटना के बाद डोरंडा के मो आरिफ को हथियार और बाइक छुपाने के लिए दिया गया था.
कैदी वाहन में अपराधी लवकुश शर्मा और राज वर्मा के बीच हुई थी मारपीट
बीते 27 मार्च को कुख्यात अपराधी लवकुश शर्मा और राज वर्मा को जेल से एक मामले में पेशी के लिए अदालत लाया गया था. पेशी के बाद अन्य कैदियों के साथ कैदी वाहन में राज वर्मा और लवकुश शर्मा को पुलिस सुरक्षा में वापस जेल भेजा जा रहा था. इसी दौरान लवकुश शर्मा और राज वर्मा में पुरानी बात को लेकर कहासुनी हुई. और देखते ही देखते दोनों एक-दूसरे से भिड़ गए. वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने दोनों को लड़ाई बंद करने की चेतावनी दी. लेकिन वे नहीं माने. जिसके बाद कैदी वाहन के चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए वाहन को सीधे बरियातू थाने में घुसा दिया. गौरतलब है कि लवकुश शर्मा और राज वर्मा के गैंग के बीच पुरानी अदावत है. राज वर्मा कालू लामा गिरोह से ताल्लुक रखता था. एक वर्ष पहले शिबू सोरेन आवास के पास सरेआम कालू लामा की गोली मारकर लवकुश शर्मा गिरोह के द्वारा हत्या कर दी गई थी. इसी मामले में झारखंड एटीएस ने लवकुश शर्मा को बिहार से गिरफ्तार किया था.
रेकी कर की गयी थी हत्या
बिट्टू खान पर कुख्यात गैंगस्टर कालू लामा की रेकी कर हत्या कराने का आरोप लगा था. उस दौरान बिट्टू खान को गिरफ्तार कर लिया गया था. वह छह महीने पहले ही जेल से बाहर आया था. कालू लामा गैंग के सदस्यों से बचने के लिए अपराधी बिट्टू खान एदलहातु छोड़ चुका था. जेल से छूटने के बाद से ही वह रांची के हिंदपीढ़ी इलाके में रहने लगा था. बताया जाता है कि हत्या से दस दिन पहले से वह फिर से सुबह - शाम एदलहातू स्थित अपने आवास जाने लगा था. इसकी जानकारी लामा गिरोह को हो गयी थी. इसके बाद रेकी कर बिट्टू खान की हत्या कर दी गयी.
इसे भी पढ़ें – विशेष">https://lagatar.in/26-cases-executed-on-second-day-of-special-arbitration-campaign/">विशेष
मध्यस्थता अभियान के दूसरे दिन 26 मामले निष्पादित [wpse_comments_template]
मध्यस्थता अभियान के दूसरे दिन 26 मामले निष्पादित [wpse_comments_template]
Leave a Comment