Hazaribagh: हजारीबाग झील स्थित ओपन एम्फीथिएटर में आयोजित तीन दिवसीय शिल्पोत्सव 2026 के दूसरे दिन मंगलवार को Buyers–Sellers Meet का आयोजन किया गया.
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इस बैठक का उद्देश्य जिले के हस्तशिल्प उत्पादों के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध कराना, कारीगरों को खरीदारों एवं उद्योग जगत से सीधे जोड़ना तथा स्थानीय हस्तशिल्प को व्यापक पहचान दिलाने की दिशा में सार्थक पहल करना था.

बैठक में हजारीबाग के उद्योग जगत से जुड़े विभिन्न इंडस्ट्रलिस्ट, शिल्पकारी स्टार्टअप के संस्थापक अतुल शौर्य, JSLPS के जिला कार्यक्रम प्रबंधक (DPM), झारक्राफ्ट के प्रतिनिधि तथा जिले की विभिन्न हस्तशिल्प संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया.
बैठक के दौरान सभी उद्योगपतियों ने अपने महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए. उन्होंने हस्तशिल्प कारीगरों एवं उद्योग जगत के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के लिए एक WhatsApp Group बनाने का प्रस्ताव रखा, जिसमें जिले के सभी हस्तशिल्प आर्टिजन एवं इंडस्ट्रियलिस्ट शामिल हों. इससे कारीगरों को सीधे कार्यादेश (Work Orders) प्राप्त हो सकेंगे तथा विपणन की प्रक्रिया अधिक सरल एवं प्रभावी बनेगी.
सभी प्रतिभागियों ने जिला प्रशासन से हस्तशिल्प कारीगरों के लिए एक E-Catalog तैयार करने का भी सुझाव दिया. इस ई-कैटलॉग में प्रत्येक कारीगर के उत्पादों का विवरण, उनकी विशेषज्ञता, संपर्क जानकारी एवं अन्य आवश्यक जानकारी शामिल करने की बात कही गई, ताकि खरीदारों को एक ही मंच पर सभी जानकारी उपलब्ध हो सके और स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार मिल सके.
इस अवसर पर जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक ने उपस्थित Buyers एवं Sellers को संबोधित करते हुए हस्तशिल्प उत्पादों की ब्रांडिंग, गुणवत्ता एवं फिनिशिंग पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता बताई. उन्होंने कहा कि बेहतर गुणवत्ता और आकर्षक प्रस्तुतीकरण से स्थानीय उत्पाद राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपनी अलग पहचान बना सकते हैं.
बैठक में सोहराई महिला कला समिति के सदस्य गुस्ताफ इमाम ने सोहराई पेंटिंग आधारित उत्पादों के लिए एक समान मूल्य निर्धारण (Price Standardization) की व्यवस्था करने का सुझाव दिया. उन्होंने कहा कि इससे विभिन्न संस्थाओं द्वारा तैयार किए जा रहे उत्पादों का उचित मूल्य सुनिश्चित होगा तथा कारीगरों को उनकी कला के अनुरूप सम्मानजनक पारिश्रमिक प्राप्त हो सकेगा.
बैठक के दौरान सभी हस्तशिल्प संस्थाओं ने अपने-अपने उत्पादों एवं कार्यों का विस्तृत परिचय भी प्रस्तुत किया. कार्यक्रम के अंत में उपस्थित उद्योगपतियों एवं अन्य प्रतिभागियों ने शिल्पोत्सव में लगाए गए विभिन्न हस्तशिल्प स्टॉलों का भ्रमण किया तथा कारीगरों द्वारा तैयार उत्पादों का अवलोकन कर उनकी सराहना की.
Buyers–Sellers Meet ने हस्तशिल्प कारीगरों, उद्योग जगत एवं विभिन्न संस्थाओं के बीच संवाद और सहयोग का एक प्रभावी मंच प्रदान किया, जिससे भविष्य में जिले के हस्तशिल्प उत्पादों के विपणन एवं रोजगार के नए अवसर विकसित होने की उम्मीद है.
उद्योगजगत से रिश्ता पॉलिमर से सुनील अग्रवाल, भंडारी फीड्स से निरंजन कुमार, चेतक प्लास्टिक से मुस्तफा, सत्यम फीड्स से अमित श्रीवास्तव, जलधारा से अभय झा, चिंतपूर्णी स्पॉन्ज से गणेश सिंह शामिल हुए.
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