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बिरसा मुंडा सेंट्रल जेल में ईडी ने 11 घंटे तक की छापेमारी, जेल अधीक्षक और जेलर को करेगी समन

Ranchi : बिरसा मुंडा सेंट्रल जेल में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की टीम ने करीब 11 घंटे तक छापेमारी की. सोमवार में दिन के करीब तीन बजे ईडी की टीम ने जेल पहुंची थी और रात करीब 2.15 बजे तक जेल में तलाशी ली. सबसे पहले ईडी ने सीसीटीवी फुटेज को अपने कब्जे में ले लिया. सीसीटीवी फुटेज की जांच में पाया गया है कि मनी लांन्ड्रिंग के आरोपी प्रेम प्रकाश ने सूरज डूबने के बाद रांची के पूर्व डीसी छवि रंजन से जेल में मुलाकात की थी. वह शाम 6 बजकर 41 मिनट में छवि रंजन के वार्ड में घुसा और शाम 7 बजकर 36 मिनट में बाहर निकला. इस दौरान प्रेम प्रकाश ने अपने चेहरे पर गमछा लपेट रखा था. नियमानुसार, सूरज डूबने के बाद कैदियों के कमरे बंद कर दिये जाते हैं. शाम के बाद विषम परिस्थितियों में ही कैदियों के कमरे खोलने का प्रावधान है. (पढ़ें, रिमांड">https://lagatar.in/former-dc-chhavi-ranjan-presented-in-ed-court-after-remand-is-over/">रिमांड

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जेल अधीक्षक और जेलर को करेगी समन

ईडी इस मामले में पूछताछ करने के लिए जल्द ही रांची के जेल अधीक्षक और जेलर को समन जारी करेगी. जेल अधीक्षक  हामिद अंसारी पर ईडी पीएमएलए के तहत अपराध में सहायता करने के लिए मामला दर्ज कर सकती है. क्योंकि उसने अवैध रूप से छवि रंजन और प्रेम प्रकाश  की बैठक आयोजित की थी. बता दें कि जेल में शाम छह बजे के बाद सभी कैदियों को वार्ड में बंद कर दिया जाता है. गिनती के बाद किसी कैदी को वार्ड से बाहर निकलने की इजाजत नहीं होती. ऐसे में सवाल यह उठता है कि प्रेम प्रकाश वार्ड 11 से बाहर कैसे निकला. वहीं इसकी चाभी किस कर्मी के पास थी, किसके आदेश से प्रेम प्रकाश को बाहर निकाला गया.  ईडी ने इस मामले में सोमवार को जेल के कर्मियों से पूछताछ भी की है. इसे भी पढ़ें : अमित">https://lagatar.in/remarks-on-amit-shah-case-hearing-on-rahul-gandhis-plea-completed-in-hc-verdict-reserved/">अमित

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छवि रंजन ने प्रेम प्रकाश या अमित अग्रवाल को जानने से किया था इनकार

ईडी की पूछताछ में छवि रंजन ने प्रेम प्रकाश और अमित अग्रवाल को जानने से इनकार किया था. ईडी ने छवि रंजन को 5 मई को भारतीय सेना भूमि घोटाले और चेशायर होम भूमि घोटाले के सिलसिले में गिरफ्तार किया था. रांची के डीसी के रूप में छवि रंजन ने बरियातू में एक निजी जमीन के अलावा भारतीय सेना की जमीन हड़पने में भू-माफियाओं की मदद की थी. हालांकि ईडी ने प्रेम प्रकाश को पिछले साल खनन घोटाले में गिरफ्तार किया था. लेकिन वह भूमि घोटाले में भी शामिल था. हालांकि, छवि रंजन ने पूछताछ के दौरान इस बात से इनकार किया था कि वह कभी प्रेम प्रकाश को जानते थे. लेकिन अब उनके खिलाफ पुख्ता सबूत सामने आये हैं. इसे भी पढ़ें : खनन">https://lagatar.in/mining-lease-pil-kapil-sibal-argued-on-behalf-of-the-government/">खनन

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