Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

घाटशिला : विज्ञान के विकास में भारत का अहम योगदान – डॉ. सेठी

Ghatshila (Rajesh Chowbey) : घाटशिला महाविद्यालय में विज्ञान के सभी संकायों द्वारा मंगलवार को राष्ट्रीय विज्ञान दिवस पर सेमिनार का आयोजन किया गया. उक्त सेमिनार का विषय ``विश्व विज्ञान में भारत का योगदान`` था. सेमिनार में भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर, जादूगोड़ा के प्रमुख वैज्ञानिक डॉ. एनके सेठी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए. इस सेमिनार की अध्यक्षता प्राचार्य डॉ. आरके चौधरी ने की. सर्वप्रथम प्राचार्य ने मुख्य अतिथि को अंग वस्त्र एवं स्मृति चिन्ह देकर उनका सम्मान किया तथा अपने स्वागत भाषण में सेमिनार के उपयोगिता के विषय में बताया. [caption id="attachment_567910" align="aligncenter" width="600"]https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/02/Ghatshila-Science-1.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> सेमिनार में उपस्थित छात्र-छात्राएं और शिक्षक.[/caption] इसे भी पढ़ें : आदित्यपुर">https://lagatar.in/adityapur-appeal-to-celebrate-holi-and-shab-e-barat-peacefully/">आदित्यपुर

: होली और शब-ए-बारात शांतिपूर्ण तरीके से मनाने की अपील

पाइथागोरस प्रमेय की आधारशिला भारत में रखी गई थी

मुख्य अतिथि डॉ. एनके सेठी ने अपने वक्तव्य में कहा की पाइथागोरस प्रमेय की आधारशिला भारत में ही रखी गई थी. उन्होंने कहा एरोप्लेन का आविष्कार राइट ब्रदर के पहले हमारे देश में हो चुकी थी पर शोध पत्र प्रकाशित नहीं करने के चलते उसका श्रेय भारत को नहीं मिला. सूर्य केंद्रीय सिद्धांत, न्यूटन के गति नियम हमारे देश के गणितज्ञ आर्यभट्ट ने पहले ही दे दी थी. परमाणु सिद्धांत का श्रेय जॉन डाल्टन को नहीं बल्कि हमारे देश के कणाद मुनि को जाना चाहिए क्योंकि कणाद मुनि ने 450 बीसी में ही यह बात कह दी थी. आधुनिक विज्ञान में भी सीवी रमन, सत्य नाथ बोस, सीआर राव द्वारा विश्व स्तरीय उल्लेखनीय कार्य विज्ञान के क्षेत्र में हमारे देश में किया गया है. आज भी नासा के 36 प्रतिशत वैज्ञानिक, यूएसए के 38 प्रतिशत डॉक्टर, माइक्रोसॉफ्ट में 20,000 इंजीनियर भारतीय हैं. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-march-31-the-last-date-for-linking-aadhaar-with-pan-with-late-fee/">जमशेदपुर

: विलंब शुल्क के साथ पैन व आधार लिंक करने की अंतिम तिथि 31 मार्च

क्विज व निबंध प्रतियोगिता के प्रतिभागियों को किया गया पुरस्कृत

डॉ. सेठी ने विश्व के वैज्ञानिक खोज की तुलना में भारतीय खोज को सर्वोपरि बताया और कहा कि विज्ञान के विकास में भारत का अहम योगदान रहा है. डॉ. जिज्ञासु से छात्र-छात्राओं ने विज्ञान से संबंधित कई प्रश्न उनके समक्ष रखे जिसका उन्होंने सही-सही उत्तर देकर सभी छात्र-छात्राओं को संतुष्ट किया. क्विज व निबंध प्रतियोगिता के प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया. कार्यक्रम का संचालन डॉ. कन्हाई बारिक ने किया एवं धन्यवाद ज्ञापन गणित विभाग के अध्यक्ष व सेमिनार के को-ऑर्डिनेटर डॉ. पीके गुप्ता ने किया. मुख्य रूप से डॉ. नरेश कुमार, डॉ. एसके सिंह, प्रो. महेश्वर प्रमाणिक, डॉ. एसपी सिंह, डॉ. डीसी राम, प्रोफेसर मोहम्मद सज्जाद, प्रोफेसर अर्चना सुरीन, प्रोफेसर एनआर महतो, डॉ. संजेश तिवारी, डेजी सेवा, मल्लिका शर्मा, साहिद इकबाल के अलावा काफी संख्या में शिक्षक व विद्यार्थी उपस्थित थे. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही