सीतलवाड़ को सुप्रीम कोर्ट ने अंतरिम जमानत दी, कहा, रेगुलर बेल पर हाई कोर्ट फैसला सुनाये
ग्रामीणों ने श्रमदान कर बनाई झोपड़ी
बारिश के दिनों में बहुत परेशानी होती है. बारिश होने पर बच्चे आस-पास के घरों में शरण लेते हैं. जर्जर भवन को देखते हुए ग्रामीणों ने श्रमदान कर झोपड़ी का निर्माण करा दिया है. जिला परिषद सदस्य ने प्रधानाध्यापिका की लगन और ग्रामीणों के हौसले की तारीफ की. जिला परिषद सदस्य ने कहा कि एक अतिरिक्त शिक्षक की आवश्यकता है. इसके लिये विभागीय पदाधिकारियों से मिलकर पहल किया जाएगा. उन्होंने कहा कि वह बहुत जल्द विद्यालय में नया भवन बनवाने का प्रयास करेंगी. इसे भी पढ़ें: चाकुलिया:">https://lagatar.in/chakulia-the-city-is-running-out-of-waste-3-5-crore-solid-waste-plants-are-lying-closed/">चाकुलिया:नगर कचरे से बजबजा रहा, बंद पड़ा है 3.5 करोड़ ठोस अपशिष्ट प्लांट [wpse_comments_template]

Leave a Comment